अपना शहर चुनें

States

उन्नाव गैंगरेप फैसले से तय होगा MLA कुलदीप सेंगर का 'राजनीतिक' भविष्य

MLA कुलदीप सेंगर के 'राजनीतिक' भविष्य पर आज आएगा फैसला? (फाइल फोटो)
MLA कुलदीप सेंगर के 'राजनीतिक' भविष्य पर आज आएगा फैसला? (फाइल फोटो)

बीजेपी से निष्कासित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर द्वारा 2017 में उन्नाव में एक युवती को अगवा किए जाने और उससे गैंगरेप के मामले में तीस हजारी कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: December 16, 2019, 9:10 AM IST
  • Share this:
उन्नाव. उन्नाव गैंगरेप (Unnao Gangrape) के मामले में दिल्ली की एक अदालत सोमवार को फैसला सुनाएगी. आज आने वाले इस फैसले से भाजपा से निष्कासित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर (Kuldeep Singh Sengar) के राजनीतिक भविष्य का भी न्र्न्य होगा. चार बार से बांगरमऊ से विधायक कुलदीप सिंह सेंगर अगर दोषी पाए जाते हैं तो उनकी विधायकी तो खत्म होगी ही साथ ही करीब दो दशक तक का सियासी रसूख भी दांव पर होगा.

लखनऊ के राजनीतिक विश्लेषक के. विक्रम राव ने न्यूज 18 से बातचीत में बताया कि अगर कुलदीप सिंह सेंगर को आजीवन कारावास या 10 साल से अधिक का सजा होती है को उसकी विधानसभा की सदस्यता खत्म हो जाएगी. क्योकि पांच साल से अधिक की सजा में सदस्यता खत्म होने का प्रावधान है.

उम्रकैद की सजा हो सकती है



राजनीतिक विश्लेषक के मुताबिक कुलदीप सिंह सेंगर को फांसी या आजीवन कारावास की सजा हो सकती है. वहीं उन्नाव पुलिस की भूमिका पर सवाल खड़े करते हुए के. विक्रम राव कहते हैं कि पुलिस ने पूरी तरह से विधायक को बचाने का प्रयास किया. पुलिस ने सत्ता पक्ष के विधायक कुलदीप सेंगर की रक्षा करती रही. उन्होंने कहा कि साक्ष्य मिटाने और रेप के आरोप में कुलदीप सेंगर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा सकती है.
बीजेपी से निष्कासित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर द्वारा 2017 में उन्नाव में एक युवती को अगवा किए जाने और उससे गैंगरेप के मामले में तीस हजारी कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है. उन्नाव रेप केस में विधायक कुलदीप सिंह सेंगर और शशि सिंह पर कोर्ट फैसला सुनाएगा. इस केस में अगर कुलदीप सिंह सेंगर पर दोष सिद्ध होता है तो उन्हें उम्र कैद की सजा सुनाई जा सकती है. कोर्ट से फैसला आने के बाद विधायक कुलदीप सिंह सेंगर का 'राजनीतिक' भविष्य खत्म हो जाएगा. क्योकि पूरे उन्नाव में इसका आतंक कायम है.

क्या है पूरा मामला

बता दें कि विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर पीड़िता ने वर्ष 2017 में रेप करने का आरोप लगाया था. उस समय वो नाबालिग थी. वहीं, इसी वर्ष 28 जुलाई को आरोप लगाने वाली पीड़‍िता की कार को रायबरेली से उन्नाव लौटते वक्त सामने से आ रहे ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी थी. इस हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गई थी, जबकि दुर्घटना में पीड़िता की दो महिला रिश्तेदारों की मौके पर ही मौत हो गई थी. इसमें पीड़‍िता का वकील भी बुरी तरह घायल हो गया था.

कौन हैं कुलदीप सिंह सेंगर?

मूल रूप से फतेहपुर के रहने वाले कुलदीप सिंह सेंगर की माखी गांव में तूती बोलती है. उन्नाव के माखी थाना क्षेत्र के सराय थोक पर उनका ननिहाल है. वो यहीं आकर बस गए. कुलदीप सेंगर ने यूथ कांग्रेस से अपनी राजनीति की शुरुआत की थी. वह उन्नाव के अलग-अलग विधानसभा सीटों से लगातार 4 बार जीतकर विधायक निर्वाचित हुए हैं.सेंगर वर्ष 2002 में भगवंतनगर से बीएसपी के टिकट पर सबसे पहली बार विधायक बने. इसके बाद साल 2007 और 2012 में वो सपा के टिकट पर चुने गए. वर्ष 2017 में वो उन्नाव जिले के बांगरमऊ से बीजेपी के टिकट पर चुनकर विधानसभा पहुंचे. हालांकि, अब उन्‍हें भाजपा निष्‍कासित कर चुकी है.

ये भी पढ़ें:

महिला सिपाही जब चौराहे पर मजनूओं को पीटती हैं तो अच्छा लगता है: CM योगी
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज