Home /News /uttar-pradesh /

gyanvapi masjid case hearing completed in varanasi district court verdict on 24 may upat

ज्ञानवापी मामला: 1991 वर्शिप एक्ट लागू होगा या नहीं, बहस पूरी, 24 मई को आएगा फैसला

Gyanvapi Case: सुनवाई के दौरान मुस्लिम पक्ष ने दलील दी कि यहां सालों से नमाज होती रही है. जिसके जवाब में हिंदू पक्ष ने कहा कि भले ही यहां नमाज होती रही है, लेकिन स्थान का मूल करैक्टर मंदिर का ही है. गौरतलब है कि आज की सुनवाई में दोनों पक्षों की तरफ से 23 लोग कोर्ट में मौजूद थे. पूर्व कोर्ट कमिश्नर अजय मिश्रा को आज हुई सुनवाई में शामिल नहीं किया गया, क्योंकि उनका नाम लिस्ट में नहीं था.

अधिक पढ़ें ...

वाराणसी. ज्ञानवापी मस्जिद-श्रृंगार गौरी मामले में वाराणसी की जिला अदालत में सोमवार को 45 मिनट बहस हुई, जिसके बाद न्यायाधीश अजय कृष्ण विश्वेस ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया. आज मुस्लिम पक्ष की ओर से 1991 प्लेसेस ऑफ़ वर्शिप एक्ट का हवाला देते हुए हिंदू पक्ष के मुक़दमे को ख़ारिज करने की मांग की गई. जिस पर हिंदू पक्ष की तरफ से भी दलील पेश की गई. दोनों पक्षों की दलीलें पेश सुनने के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया. मंगलवार 24 मई को दो बजे अब इस मामले में कोर्ट अपना फैसला सुनाएगी.

सुनवाई के दौरान मुस्लिम पक्ष ने दलील दी कि यहां सालों से नमाज होती रही है. जिसके जवाब में हिंदू पक्ष ने कहा कि भले ही यहां नमाज होती रही है, लेकिन स्थान का मूल करैक्टर मंदिर का ही है. गौरतलब है कि आज की सुनवाई में दोनों पक्षों की तरफ से 23 लोग कोर्ट में मौजूद थे. पूर्व कोर्ट कमिश्नर अजय मिश्रा को आज हुई सुनवाई में शामिल नहीं किया गया, क्योंकि उनका नाम लिस्ट में नहीं था. बता दें कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद आज से जिला जज की अदालत में मामले की सुनवाई शुरू हुई है. कोर्ट ने पूरे मामले को 8 हफ्ते में निपटाने का आदेश भी दिया है.

अब तक इस मामले की सुनवाई सिविल जज सीनियर डिवीजन रवि कुमार दिवाकर की अदालत में चल रही थी. अब तक इस मामले में अदालत के आदेश पर एडवोकेट कमिश्नर की कार्रवाई की कमीशन रिपोर्ट भी दाखिल हो चुकी है. आज दो लंबित प्रार्थना पत्र हैं जिन पर सुनवाई होनी थी. इनमें से एक प्रार्थना पत्र वादी यानी मंदिर पक्ष की ओर से और दूसरा शासकीय अधिवक्ता की ओर से दाखिल किया गया है. वादी पक्ष की ओर से ज्ञानवापी परिसर स्थित मां श्रृंगार गौरी की पूजा अर्चना करने और परिसर स्थित अन्य देवी-देवताओं के विग्रह को सुरक्षित रखने समेत तहखाने की दीवार और वहां मौजूद मलबे को हटाकर एक एडवोकेट कमिश्नर की कार्रवाई की मांग की गई है. वहीं शासकीय अधिवक्ता की ओर से जिस हौज में कथित शिवलिंग मिला है, उसमे मौजूद मछलियों के जीवन की रक्षा समेत तीन बिंदुओं पर प्रार्थना पत्र दिया गया है, जिस पर सुनवाई होनी थी.

Tags: Gyanvapi Masjid, Gyanvapi Masjid Controversy, UP latest news

विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर