होम /न्यूज /उत्तराखंड /अल्मोड़ा: UKSSSC घोटाले और बेरोजगारी से परेशान युवा पहुंचे गोल्ज्यू की शरण में, 'चिट्ठी' लिख मांगा इंसाफ

अल्मोड़ा: UKSSSC घोटाले और बेरोजगारी से परेशान युवा पहुंचे गोल्ज्यू की शरण में, 'चिट्ठी' लिख मांगा इंसाफ

Golu Devta Temple: चितई मंदिर पहुंचे उदय मेहरा ने बताया कि राज्य गठन के करीब 22 साल बीत जाने के बाद भी जो उत्तराखंड बनन ...अधिक पढ़ें

    रिपोर्ट- रोहित भट्ट

    अल्मोड़ा. उत्तराखंड के युवा UKSSSC घोटाले में सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं. एसआईटी (SIT) इस मामले की जांच कर रही है, तो अब तक दर्जनों आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं. इस बीच अल्मोड़ा के चितई गोलू देवता मंदिर में कई युवाओं, उत्तराखंड क्रांति दल और राज्य आंदोलनकारी ने एकजुट होकर न्याय की गुहार लगाई. इस दौरान ढोल-नगाड़ों के बीच नारेबाजी करते हुए सभी गोलू देवता के मंदिर पहुंचे और दरबार में चिट्ठी लिखकर न्याय मांगा.

    अल्मोड़ा के डाना गोलू देवता के मंदिर से उन्होंने इस यात्रा को शुरू किया. ढोल-नगाड़ों के साथ सभी चितई गोलू देवता मंदिर पहुंचे. इसके बाद अल्मोड़ा के मल्ला महल से कलेक्ट्रेट स्थानांतरित किए जाने का रोष, UKSSSC घोटाला और उत्तराखंड में बढ़ती बेरोजगारी को लेकर गोलू देवता मंदिर जाकर अर्जी लगाई. गोल्ज्यू महाराज को न्याय का देवता कहा जाता है. यदि कोई भी सच्चे मन से यहां आता है और अपनी अर्जी लगाता है, तो उसे न्याय जरूर मिलता है.

    चितई मंदिर पहुंचे उदय मेहरा ने बताया कि राज्य गठन के करीब 22 साल बीत जाने के बाद भी जो उत्तराखंड बनना चाहिए था, वह नहीं बन पाया. उत्तराखंड का निर्माण युवाओं को देखते हुए किया गया था, लेकिन युवा पहले भी बेरोजगार थे, अभी भी बेरोजगार हैं और आगे भी बेरोजगार रहेंगे. उत्तराखंड में बढ़ती बेरोजगारी और भर्ती घोटाले में प्रशासन और नेताओं के रिश्तेदारों को नौकरी पर लगाया जा रहा है, जिससे युवा काफी हताश हैं और गुस्से में हैं. अपने रिश्तेदार और अन्य लोगों को नौकरी दी जा रही है, जिससे जो युवा तैयारी कर रहा है वह कहीं न कहीं पीछे हो रहा है. इसको लेकर उन्होंने न्याय के देवता में अर्जी लगाई है कि ऐसे लोगों को भगवान सही मार्ग दिखाएं.

    मेहरा ने कहा कि आंदोलनकारी शिवराज बनौला करीब 15 साल से गोरिल्ला आंदोलन पर बैठे हैं. सरकार ने उनकी सुध अभी तक नहीं ली. इसके अलावा जो उत्तराखंड का उन्होंने सपना देखा था, वह बन नहीं पाया. मल्ला महल से कलेक्ट्रेट को शिफ्ट करने से जनता काफी परेशान है. उन्हें नए भवन में आने-जाने में काफी समस्या होती है. इसको लेकर भी उन्होंने गोलू देवता के मंदिर में अर्जी लगाई है और शासन-प्रशासन के अलावा नेताओं को भी सद्बुद्धि की प्रार्थना की है.

    Tags: Almora News

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें