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ऋषिकेश में चंद्रभागा नदी से नहीं हटे अतिक्रमणकारी, कांग्रेस ने की फिर से बसाने की मांग

कांग्रेस ने नगर-निगम और सिंचाई विभाग पर मानवाधिकार उल्लंघन का आरोप लगाते हुए ज़िलाधिकारी को ज्ञापन दिया.

कांग्रेस ने नगर-निगम और सिंचाई विभाग पर मानवाधिकार उल्लंघन का आरोप लगाते हुए ज़िलाधिकारी को ज्ञापन दिया.

कांग्रेस नेता (Congress Leaders) पूछ रहे हैं कि सरकार तब कहां से हुई थी जब यहां बस्ती शुरू हुई थी? वे सरकार से इन लोगों ...अधिक पढ़ें

ऋषिकेश. नगर निगम (Rishikesh Municipal Corporation) और सिंचाई विभाग (Irrigation Department) ने एनजीटी (NGT) के आदेश पर चंद्रभागा नदी (Chandrabhaga River)  पर बसी अवैध बस्ती पर अतिक्रमण हटाओ अभियान (Anti Encroachment Drive) चलाकर बस्ती को तोड़ डाला लेकिन बस्ती वाले आज भी उसी जगह पर रह रहे हैं और दोनों जिम्मेदार विभाग इस ओर जानबूझकर आंखें मूंदे हुए हैं. अवैध बस्ती वालों का कहना है कि सरकार ने उनके रहने के लिए कोई इंतजाम नहीं किया है तो वह जाएं कहां? अब इस मामले का राजनीतिकरण भी शुरु हो गया है क्योंकि टीएचडीसी (THDC) के गेट पर धरना देने के बाद हरीश रावत (Harish Rawat) बस्ती के लोगों के बीच पहुंच गए.

अतिक्रमणकारियों के साथ कांग्रेस 

बता दें कि एनजीटी के आदेश के बाद चंद्रभागा नदी में बसी बस्ती को ऋषिकेश नगर निगम और सिंचाई विभाग ने हटा दिया था लेकिन कांग्रेस इन लोगों के समर्थन में आ गई और इसके बाद इन लोगों ने भी यहां से हटने से इनकार कर दिया.

chandrabhaga river encroachment, एनजीटी के आदेश के बाद चंद्रभागा नदी में बसी बस्ती को ऋषिकेश नगर निगम और सिंचाई विभाग ने हटा दिया था.
एनजीटी के आदेश के बाद चंद्रभागा नदी में बसी बस्ती को ऋषिकेश नगर निगम और सिंचाई विभाग ने हटा दिया था.


कांग्रेस ने नगर-निगम और सिंचाई विभाग पर मानवाधिकार उल्लंघन का आरोप लगाते हुए ज़िलाधिकारी को ज्ञापन दिया. वरिष्ठ कांग्रेसी नेता जयेंद्र रमोला पूछा सरकार तब कहां से हुई थी जब यहां बस्ती शुरू हुई थी? इतने साल बीतने के बाद तुगलकी फ़रमान देकर 200 लोगों को बेघर कर दिया गया है. उन्होंने सरकार से इन लोगों को बसाने की मांग की.

NGT के आदेश पर कार्रवाईः मेयर 

ऋषिकेश की मेयर ने कहा है कि कांग्रेस हमेशा से विकास विरोधी रही है और हर काम पर राजनीति ही दिखती है. एनजीटी ने गंगा को स्वच्छ रखने के लिए गंगा किनारे बसी बस्ती को हटाने का आदेश दिया था जिस पर निगम ने सिंचाई विभाग की भूमि खाली करवाई है.

chandrabhaga river encroachment
chandrabhaga river encroachment, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के पहुंचने के बाद राजनीति के और गर्माने की संभावना बन गई है.


पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के पहुंचने के बाद राजनीति के और गर्माने की संभावना बन गई है. आज सुबह टीएचडीसी के गेट पर धरना देने के बाद हरीश रावत चंद्रभागा नदी के किनारे बसी बस्ती में पहुंचे और वहां बसे लोगों से मुलाक़ात की. उनके साथ स्थानीय कांग्रेसी नेता भी मौजूद थे.

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Tags: Encroachment, Harish rawat, Rishikesh news, Uttarakhand Congress, Uttarakhand news

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