सुर्खियां: सुभारती मेडिकल कॉलेज सील, ‘केदारनाथ’ के प्रदर्शन पर रोक

हिंदुस्तान की ख़बर के अनुसार नेता प्रतिपक्ष ने सदन में और फिर पत्रकारों के समक्ष यह दावा किया कि उनके पास मंत्रियों और अफ़सरों के स्टिंग मौजूद हैं.

News18 Uttarakhand
Updated: December 7, 2018, 9:43 AM IST
सुर्खियां: सुभारती मेडिकल कॉलेज सील, ‘केदारनाथ’ के प्रदर्शन पर रोक
केदारनाथ फ़िल्म पर प्रतिबंध ज़्यादातर अख़बारों की सुर्खियों में है.
News18 Uttarakhand
Updated: December 7, 2018, 9:43 AM IST
देहरादून से प्रकाशित होने वाले अख़बारों में आज सुभारती मेडिकल कॉलेज सील होने की ख़बर प्रमुखता से छपी है. इसके अलावा ‘केदारनाथ’ फ़िल्म के प्रदर्शन पर रोक लगाए जाने की ख़बर को भी पहले पन्ने पर जगह मिली है.

अमर उजाला की लीड है, ‘सरकार चलाए सुभारती मेडिकल कॉलेज’. ख़बर के अनुसार सुप्रीम कोर्ट ने छात्रों के भविष्य को अहम मानते हुए देहरादून स्थित सुभारती मेडिकल कॉलेज को चल-अचल संपत्तियोंस समेत राज्य सरकार के हवाले कर दिया है. आदेश मिलते ही प्रशासन ने कॉलेज परिसर को कब्ज़े में ले लिया. इसके अलावा अख़बार ने स्कूली शिक्षा मंत्री के सदन में अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति 15 दिन में करने के आश्वासन को दूसरी लीड बनाया है. ‘केदारनाथ’ फ़िल्म पर देहरादून समेत कई ज़िलों में रोक लगने की ख़बर को भी अख़बार ने पहले पन्ने पर जगह दी है.

दैनिक जागरण की प्रदेश की लीड है, ‘सुभारती मेडिकल कॉलेज सील’. इसके अलावा अख़बार ने गंगा में सीवर और गंदगी डालने वाले होटलों, धर्मशालाओं, आश्रमों पर रोज़ 5,000 रुपये जुर्माना लगाने के शासन के आदेश को भी प्रमुखता से छापा है. इसके अलावा ‘केदारनाथ’ में फ़िल्म को रिलीज़ करने का फ़ैसला ज़िलाधिकारियों के विवेक पर छोड़े जाने की ख़बर को भी पहले पन्ने पर प्रमुखता से छापा गया है.

हिंदुस्तान की लीड है, ‘इंदिरा के पास मंत्रियों, अफसरों के स्टिंग’. ख़बर के अनुसार नेता प्रतिपक्ष ने सदन में और फिर पत्रकारों के समक्ष यह दावा किया कि उनके पास मंत्रियों और अफ़सरों के स्टिंग मौजूद हैं. लोकायुक्त पर चर्चा के दौरान इंदिरा हृदयेश ने कहा कि अगर लोकायुक्त होता तो वह उसे ये स्टिंग देतीं. उन्होंने कहा कि हाल ही में स्टिंग कांड में गिरफ़्तार चैनल संचालक से जुड़े लोगों ने उन्हें ये स्टिंग दिए हैं. हालांकि उन्होंने इन्हें सार्वजनिक करने से इनकार कर दिया. अख़बार ने गंगा में सीवर डालने पर 5,000 रुपये के जुर्माने को टॉप बॉक्स बनाया है तो ‘केदारनाथ’ की रिलीज़ पर रोक को भी पहले पन्ने पर जगह दी है.

टाइम्स ऑफ़ इंडिया ने सुभारती मेडिकल कॉलेज सील करने के आदेश की ख़बर को तीसरे पन्ने पर तो लोकायुक्त पर चर्चा को चौथे पन्ने पर जगह दी है. अख़बार ने ‘केदारनाथ’ फ़िल्म को बैन न करने के हाईकोर्ट के आदेश को पहले पन्ने पर जगह दी है लेकिन सरकार की समिति के फ़ैसले की ख़बर नहीं है. अलबत्ता अख़बार ने एक आईटीआई के हवाल से पहले पन्ने पर ख़बर छापी है कि मुख्यमंत्री समेत 50 विधायकों ने अपनी संपत्ति का ब्यौरा नहीं दिया है.

अब नैनीताल हाईकोर्ट के वकील लड़ेंगे राज्य आंदोलनकारियों के हक़ की लड़ाई, बनाया संगठन

VIDEO: एनआईटी श्रीनगर के छात्रों को शिफ़्ट किए जाने का विरोध करेगी कांग्रेस
Loading...

लोकायुक्त पर फिर बहस, कांग्रेस ने कहा लोकायुक्त लाना ही नहीं चाहती सरकार
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर