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यही समय है 'गर्मियों वाले सेब' की पौध लगाने का... यहां जानें कहां से और कैसे ऑर्डर करें HRMN 99 Summer Apple

यही समय है 'गर्मियों वाले सेब' की पौध लगाने का... यहां जानें कहां से और कैसे ऑर्डर करें HRMN 99 Summer Apple

वीरेंद्र शास्त्री के पास से HRMN 99 की पौध मंगवाई जा सकती है. वह कहते हैं कि दो साल की पौध नई जगह में आसानी से पनप जाती है.

वीरेंद्र शास्त्री के पास से HRMN 99 की पौध मंगवाई जा सकती है. वह कहते हैं कि दो साल की पौध नई जगह में आसानी से पनप जाती है.

वीरेंद्र शास्त्री के पास से HRMN 99 की पौध मंगवाई जा सकती है. वह कहते हैं कि दो साल की पौध नई जगह में आसानी से पनप जाती है.

देहरादून. सेब अब सिर्फ़ कश्मीर, हिमाचल जैसे ठंडे इलाकों की ठंडे इलाक़ों की बपौती नहीं है. आप भी रोज़ सेब खाकर इतने स्वस्थ रह सकते हैं कि डॉक्टर आपसे दूर ही रहें. ख़ास बात यह है कि गर्मियों में सेब खाना सिर्फ़ अमीरों का शौक नहीं रहेगा आप भी अपने घर में गर्मियों में फल देने वाले सेब उगा सकते हैं. हमने न्यूज़ 18 में जुलाई में छापी ख़बर में दिल्ली, राजस्थान, कन्याकुमारी, मुंबई जैसे गर्म इलाकों में सफलता पूर्वक फल देने वाले सेब HRMN 99 Summer Apple के बारे में बताया था. सेब की इस चमत्कारिक किस्म की न्यूट्रीशन वैल्यू कश्मीर और हिमाचल के सेबों से भी ज़्यादा बताई जाती है. इस सेब को अपने घरों में लगाने का सही मौसम यही है और आज हम बता रहे हैं कि आप इसे कहां से और कैसे ऑर्डर कर सकते हैं.

गर्मियों का सेब

HRMN 99 Summer Apple को हिमाचल के बिलासपुर के एक किसान हरिमन शर्मा ने विकसित किया है, जो इसके नाम में भी नज़र आता है. हरिमन शर्मा बताते हैं कि 2005 तक शायद ही किसी ने सोचा होगा कि बर्फ़ीली पहाड़ियों पर होने वाला सेब समुद्र तल से 700 मीटर ऊंचाई या 40 से 46 डिग्री तापमान वाली जगहों में भी हो सकता है. उन्होंने कई असफल प्रयोगों के बाद 2007 में गर्मियों के सेब की पौध तैयार कर दी थी.

शर्मा बताते हैं कि हिमाचल प्रदेश सरकार ने निचले हिमाचल प्रदेश में सेब की खेती के लिए 1965 में सिरमौर ज़िले में नाहन के पास बागथन में एक अनुसंधान केंद्र खोला था. 800 मीटर की ऊंचाई वाली इस जगह पर सेब उगाने की कोशिशों में करोड़ों रुपये खर्च हुए लेकिन वैज्ञानिकों को कोई सफलता न मिलने पर दस साल बाद 1975 में इस प्रोजेक्ट को बंद करना पड़ा.

हरिमन शर्मा कहते हैं कि गैर परंपरागत क्षेत्र में आम, अनार, कॉफी के साथ ही अब सेब की सफल खेती की जा रही है. हिमाचल प्रदेश के निम्न पहाड़ी क्षेत्रों में अत्यधिक मात्रा में कोहरा पड़ता है. यहां की मुख्य फसलों- आम, पपीते, आंवले के पौधे कोहरे में खराब हो जाते हैं. सर्दी में सेब का पौधा सुप्तअवस्था में होता है इसलिए इसमें कोहरे को सहन करने की क्षमता होती है. उन्होंने एक बीज से पौधा तैयार किया. पहले प्लम पर ग्राफ्टिंग की और पौधा तैयार किया. इसका आकार, गुणवत्ता स्वाद पूर्णतया परंपरागत क्षेत्र के सेब की तरह हैं.

प्रचार-प्रसार

पेशे से सर्जन डॉक्टर केसी शर्मा भारत सरकार की साइंस एंड टेक्नोलॉजी की टेक्निकल एजवाइज़री कमेटी के सदस्य हैं और कई राष्ट्रीय पुरस्कारों समेत WHO से भी सम्मानित हैं. डॉक्टर शर्मा गर्मियों में पैदा होने वाले इस सेब के प्रचार, प्रसार और विकास के लिए दो दशक से काम कर रहे हैं.

डॉक्टर शर्मा कहते हैं कि उन्होंने इस सेब के बारे में रिसर्च लैबोरेट्री और यूनिवर्सिटी को बताना शुरु किया लेकिन एक किसान और एक सर्जन की बात पर किसी ने यकीन नहीं किया. इसके बाद उन लोगों ने इसके पौधे देश के जाने-माने लोगों के घर लगाने शुरु किए और फिर यह राष्ट्रपति भवन में भी लगा और देहरादून समेत देश के सभी राजभवनों में भी.

डॉक्टर शर्मा बताते हैं कि 50 डिग्री तक फल देने वाला यह अकेला सेब है जो जम्मू ही नहीं, दिल्ली, राजस्थान, कन्याकुमारी, मुंबई तक में लगा है. गर्मियों का यह सेब बांग्लादेश, नेपाल, जर्मनी, जांबिया जैसे कई देशों अपना स्वाद और खुशबू दे रहा है.

पैदावार और न्यूट्रीशन

डॉक्टर केसी शर्मा के अनुसार इसके एक पेड़ पर एक से डेढ़ क्विंटल तक सेब हो जाते हैं. पिछले साल एक सेब 306 ग्राम का आया है जो एक वर्ल्ड रिकॉर्ड बन गया है. इस किस्म के सेब अब आम तौर पर 250 ग्राम तक के हो रहे हैं.

यही नहीं यह सेब की अकेली ऐसी प्रजाति है जो 13 महीने में ही फल देना शुरु कर देती है. यानी कि आज आप इस सेब का पौधा लगाएंगे तो एक साल बाद उन्हें खा सकते हैं. सर्दियों के सेबों के विपरीत यह हरिमन 99 सेब गर्मियों में ही होता है. जून तक इसकी फसल तोड़ ली जाती है.

डॉक्टर केसी शर्मा के अनुसार उन्होंने तीन प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों से HRMN 99 की न्यूट्रीशन वैल्यू की जांच करवाई. हिमाचल-कश्मीर के ठंडे इलाकों में होने वाले सेबों से तुलना से पता चला है कि इसकी न्यूट्रीशन वैल्यू हिमाचल-कश्मीर के सेब की तुलना में बहुत अधिक है.

यहां से मंगवाएं

गर्मियों में 45-50 डिग्री तक सेब के पैदा होने का अर्थ यह है कि अब एक ही बाग में आम और सेब दोनों लगाए जा सकते हैं. डॉक्टर शर्मा और हरिमन शर्मा ने तो जम्मू के एक आश्रम में सेब का बागान भी लगा दिया है जहां टनों सेब हो रहे हैं, वह भी तरबूज़ के साथ.

वीरेंद्र शास्त्री जम्मू के अपने बाग में HRMN 99 Summer Apple की पौध विकसित करते हैं. हालांकि हरिमन शर्मा अपनी नर्सरी में गोल्डन डोरसेट और अन्ना नाम की दो किस्में और पैदा करते हैं लेकिन शास्त्री के अनुसार सबसे सफल में HRMN 99 ही है.

बिलासपुर में न्यूज़ 18 संवाददाता अरुण के अनुसार हरिमन शर्मा की नर्सरी में इस बार शुरुआत में सारी पौध खत्म हो गई थीं इसलिए इस सीज़न में वह सप्लाई करने की स्थिति में नहीं हैं. वैसे उनके बारे में और पौध ऑर्डर करने के लिए उनकी वेबसाइट http://harimansharmaapplenursery.com से और जानकारी ली जा सकती है.

वीरेंद्र शास्त्री के पास से HRMN 99 की पौध मंगवाई जा सकती है. वह कहते हैं कि दो साल की पौध नई जगह में आसानी से पनप जाती है. इसकी कीमत 150 रुपये प्रति पौध है. इसके अलावा मंगाने वाले को कूरियर का खर्च वहन करना होगा.

गर्मियों के सेब मंगाने के लिए वीरेंद्र शास्त्री से उनके फ़ोन नंबर 9797263005 पर संपर्क किया जा सकत है.

Tags: Apple, Bilaspur news, Dehradun news, Jammu, Uttarakhand news

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