'आपके पद का सम्‍मान है, ज‍िस द‍िन वोट मांगने आओगे, गैलरी में लठ तैयार रखा है...' उत्‍तराखंड के BJP MLA से बोला युवक

उत्‍तराखंड में जब बीजेपी व‍िधायक को लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ा

Uttarakhand News: उत्‍तराखंड के इस वायरल वीड‍ियो में युवक बीजेपी व‍िधायक को कहता हुआ सुनाई दे रहा है क‍ि आपने कोई काम नहीं क‍िया है. आप कुछ द‍िनों पहले अस्‍पताल में आए तो आपने पीछे क्‍यों नहीं देखा? आप एक अपराधी के साथ खड़े होकर बात कर रहे थे.

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कोविड की इस महामारी ने सियासी दलों खासकर सत्तारूढ़ बीजेपी के लिए चुनौतियां खड़ी कर दी हैं. अचानक आए इस संकट से लोग परेशान हैं. लिहाजा मंत्रियों और विधायकों को कई जगह लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ रहा है. ऐसा ही मामला उत्‍तराखंड की झबरेड़ा विधानसभा में सामने आया है. यहांं के भक्तोंवाली गांव में बीजेपी विधायक देशराज कर्णवाल को भी ग्रामीणों ने जमकर खरीखोटी सुनाई, जब वह विकास कार्यों का जायजा लेने पहुंचे थे. यह वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, लेकिन न्यूज़ 18 इस वीडियो की पुष्टि नहीं करता है.

वीड‍ियो में एक युवक व‍िधायक को कहता है क‍ि सिर्फ आपके पद का सम्मान है, ज‍िस द‍िन व‍िधायक नहीं रहोगे और चुनाव में दोबारा वोट मांगने आओगे तो आपके ल‍िए गैलरी में लठ तैयार है. युवक की इस बात पर वहां खड़े लोग ताली बजाने लगते हैं. युवक आगे व‍िधायक को कहता है क‍ि आपने कोई काम नहीं क‍िया है. आप कुछ द‍िनों पहले अस्‍पताल में आए तो आपने पीछे क्‍यों नहीं देखा? आप एक अपराधी के साथ खड़े होकर बात कर रहे थे.



वहीं दस मई को टीकाकरण अभियान की शुरुआत के लिए देरी से पहुंचे विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल को अपनी विधानसभा में लोगों के आक्रोश का सामना करना पड़ा था, तो इसी दिन कैंट से विधायक हरबंश कपूर को भी अपनी विधानसभा में लोगों का रोष झेलना पड़ा था. कालाढूंगी से मंत्री बंशीधर भगत की एक डॉक्टर से बहस हो गई थी.

मंत्री हरक सिंह रावत का कहना है कि इसे अन्यथा नहीं लिया जाना चाहिए. कोविड काल में लोग परेशान है और उनका गुस्सा स्वाभाविक है. वहीं कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने कहा क‍ि सरकार कोविड संक्रमण पर लगाम लगाने में विफल साबित हुई है, इसलिए लोगों में सत्तारूढ़ विधायकों और मंत्रियों को लेकर गुस्सा है.

बहरहाल, सियासी दलों और खासकर बीजेपी के लिए कोविड ने दोहरी चुनौती खड़ी कर दी है. कोरोना संक्रमण से निपटना जितना बड़ा चैलेंज है, उतनी बड़ी चुनौति लोगों के विश्वास पर खरा उतरने की भी है. वरना कोविड की सेकिंड वेब ने जिस तरह से धावा बोला, उसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी.