कॉर्बेट नेशनल पार्क में गजराज ले रहे Lockdown का मजा, मड बाथ में बेबी ऐलिफेंट भी दे रहे साथ
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कॉर्बेट नेशनल पार्क में गजराज ले रहे Lockdown का मजा, मड बाथ में बेबी ऐलिफेंट भी दे रहे साथ
हाथियाों में गर्भावस्था सबसे लंबी होती है लेकिन फिर इसके बारे में वैज्ञानिकों को पूरी तरह से हाल ही में पता चला. (प्रतीकात्मक फोटो)

कॉर्बेट नेशनल पार्क (Corbett National Park) अपनी जैव विविधता के लिए प्रसिद्ध है. कॉर्बेट में 1200 से ज्यादा हाथी (Elephants) हैं. लॉकडाउन (Lockdown) के चलते इन दिनों पर्यटकों का यहां आना-जाना बंद है. ऐसे एकांत माहौल में गजराज यहां पूरी मस्ती में नज़र आ रहे हैं.

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नैनीताल. कॉर्बेट नेशनल पार्क (Corbett National Park) अपनी जैव विविधता के लिए प्रसिद्ध है. कॉर्बेट में 1200 से ज्यादा हाथी (Elephants) हैं. लॉकडाउन (Lockdown) के चलते इन दिनों पर्यटकों का यहां आना-जाना बंद है. ऐसे एकांत माहौल में गजराज यहां पूरी मस्ती में नज़र आ रहे हैं. ढिकाला क्षेत्र में यह हाथी इन दिनों जहां रामगंगा नदी में अपने कुनबे के साथ दिखाई दे रहे हैं. वहीं कई हाथी मिट्टी से स्नान (mud bath) करते दिखाई दे रहे हैं. हाथियों की ऐसी मस्ती कि लोग देखकर दांतों तले अपनी अंगुली दबा लें.

बेबी ऐलिफेंट भी ले रहे हैं नदियों में नहाने का मजा

हाथियों के इस कुनबे में कई छोटे-छोटे हाथी भी हैं. यह छोटे हाथी अभी जिंदगी का ककहरा सीख रहे हैं. इन छोटे हाथियों को बाघ से हमेशा खतरा बना रहता है, इसलिए इनकी सिक्युरिटी भी जरूरी है. गजराज के इन छोटे बच्चो के आसपास हमेशा बड़े हाथी बने रहते हैं, ताकि इन पर कोई आंच न आए.



गर्मियों से बचने के लिए हाथी कीचड़ से लिपटते हैं
वन्यजीवप्रेमी दीप रजवार बहुत समय से वन्यजीवों की गतिविधियो पर नज़र रखते आ रहे हैं. दीप रजवार का कहना है कि हाथी बहुत समझदार जानवर है. हाथी अपने झुंड के बीच में अपने छोटे बच्चों को रखते हैं जिससे कि वह हर खतरे से महफूज रह सकें. इसके साथ ही हाथी खुद को गर्मी और मक्खियों से बचाने के लिए मड बाथ लेते हैं. कीचड़ में स्नान से हाथियों को अपने शरीर में नमी बनाए रखने में मदद मिलती है. यह हाथियों का गर्मियों से बचने का भी अचूक प्राकृतिक उपाय भी है. वहीं इस प्रक्रिया में मक्खी इनसे कुछ देर के लिए दूरी बना लेती है.

मड बाथ से कीट और पतंगों से भी होता है बचाव

रजवार बताते हैं कि हाथी नदी में बहुत देर तक लेटे रहते हैं. कई बार यह अपने शरीर में कीचड़ का भी लेप लगा लेते हैं, जिससे शरीर पर धूप की किरणें सीधे नही पड़ती और कीट पतंगे भी इन्हें परेशान नही कर पाते हैं.

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