सरकारी स्कूलों में पहली से आठवीं तक अनिवार्य होगी संस्कृत

News18India
Updated: August 31, 2017, 12:47 PM IST
सरकारी स्कूलों में पहली से आठवीं तक अनिवार्य होगी संस्कृत
News18India
Updated: August 31, 2017, 12:47 PM IST
उत्तराखंड सरकार को लगता है कि राज्य में संस्कृत के उत्थान के लिए वह काम नहीं हुआ जो होना चाहिए था इसलिए अब इस देवभाषा की हालत सुधारने के लिए एक अभियान छेड़ा जा रहा जिसमें सबसे बड़ा कदम पहली से आठवीं कक्षा तक संस्कृत को अनिवार्य कदम बनाना है.

राज्य के स्कूली शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे ने गुरुवार को कहा कि संस्कृत भाषा राज्य की दूसरी भाषा है लेकिन अब तक इसके लिए कोई काम नही हुआ है. उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार ने संस्कृत भाषा के उत्थान को लेकर गम्भीर है और अब विदेशों तक संस्कृत का प्रचार प्रसार किया जाएगा.

स्कूली शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य के सरकारी स्कूलों में पहली कक्षा लेकर 8वीं तक संस्कृत को अनिवार्य विषय बनाया जाएगा. अरविंद पांडे ने कहा कि वह इस बात को मुख्य मंत्री के समक्ष रखेंगे.

उन्होंने यह भी कहा कि अब संस्कृत का प्रचार योग की तरह किया जाएगा ताकि यह योग की तरह दुनिया भर में पहुंचे. अबसे योग शिक्षक बनने के लिए संस्कृत का ज्ञान अनिवार्य होगा. बिना संस्कृत ज्ञान के योग शिक्षक नहीं बन सकेंगे.

इसके अलावा सभी विभागो का नाम संस्कृत में भी होगा अंकित किया जाएगा. हिंदी में विभाग के नाम के नीचे संस्कृत में विभाग का नाम लिखा जाएगा.

(देहरादून से मनीष डंगवाल की रिपोर्ट)

 
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर