चिदंबरम बोले- दबाव में नहीं झुकूंगा और न बीजेपी में शामिल होऊंगा

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि बीजेपी का मकसद 'आजाद आवाज का गला घोंटना' है

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि बीजेपी का मकसद 'आजाद आवाज का गला घोंटना' है

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि बीजेपी का मकसद 'आजाद आवाज का गला घोंटना' है और वह विरोधियों के खिलाफ मामले दर्ज कराके उन्हें निशाना बनाकर इस दिशा में काम कर रही है.

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चेन्नई. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने शनिवार को आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ बीजेपी का लक्ष्य विरोधियों के खिलाफ मामले दर्ज कराके उन्हें निशाना बनाकर स्वतंत्रता का गला घोंटना है. चिदंबरम ने साथ ही यह भी कहा कि वह कभी भी दबाव में नहीं झुकेंगे और न ही बीजेपी में शामिल होंगे.

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि बीजेपी का मकसद 'आजाद आवाज का गला घोंटना' है और वह विरोधियों के खिलाफ मामले दर्ज कराके उन्हें निशाना बनाकर इस दिशा में काम कर रही है.

चिदंबरम शनिवार को दिल्ली से चेन्नई पहुंचे थे. वह तमिलनाडु कांग्रेस के मुख्यालय में जनसभा को संबोधित कर रहे थे. उन्होंने कहा, 'अखबारों को नहीं लिखना चाहिए, टीवी चैनलों को चर्चा नहीं करनी चाहिए.' उन्होंने कहा कि सत्तारूढ़ पार्टी का यह भी मकसद है कि 'राजनीतिक नेताओं (विरोधियों) को उसकी (सरकार की) आलोचना नहीं करने दो. उन्होंने कहा कि केंद्र की सत्ताधारी पार्टी अपना एजेंडा लागू करने के लिए उनकी आवाजों का 'गला घोंटने' पर उतारू है.



कर्नाटक के पूर्व उपमुख्यमंत्री जी परमेश्वर और अन्य नेताओं के खिलाफ हाल में आयकर विभाग द्वारा की गई छापेमारी का हवाला देते हुए चिदंबरम ने कहा कि कांग्रेस सांसद के सी राममूर्ति आखिरकार बीजेपी में शामिल हो गए. उन्होंने कहा कि इसी तरह तेदेपा के सी एम रमेश और वाई एस चौधरी के खिलाफ भी मामले थे और दोनों आज बीजेपी में हैं.
चिदंबरम ने व्यंगात्मक ढंग से बीजेपी की तुलना गंगा नदी से की और कहा, 'बीजेपी गंगा नदी है और इसमें डुबकी लगाने से सारे पाप धुल जाते हैं. मैं उस गंगा (बीजेपी में) कभी स्नान नहीं करूंगा.' उन्होंने कहा, 'मैं न्याय एवं न्यायाधीश के सामने झुकूंगा. मैं अन्याय के सामने कभी नहीं झुकूंगा.' वह परोक्ष रूप से यह इशारा कर रहे थे कि वह दबाव नहीं झुकेंगे और बीजेपी में शामिल नहीं होंगे.

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