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    India-US Deal: राजनाथ-एस्पर के बीच हुई चीन पर चर्चा, आज भारत-अमेरिका के बीच होगी डिफेंस डील

    आज भारत और अमेरिका टू प्लस टू वार्ता के दौरान कई समझौते करने वाले हैं.
    आज भारत और अमेरिका टू प्लस टू वार्ता के दौरान कई समझौते करने वाले हैं.

    India-US Deal: भारत-अमेरिका के बीच 2+2 वार्ता के तहत मंगलवार को भी कई अहम रक्षा और सैन्य समझौतों का ऐलान होने जा रहा है. इनमें बेसिक एक्सचेंज एंड कोऑपरेशन एग्रीमेंट फॉर जियो-स्पेशियल कोऑपरेशन (BECA) सबसे प्रमुख है जिसके बाद भारतीय सेना और अमेरिकी सेना मैप और सैटेलाइट को लेकर जियो-स्पेशियल (भूस्थानिक) जानकारी साझा कर सकेंगे.

    • News18Hindi
    • Last Updated: October 27, 2020, 8:40 AM IST
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    नई दिल्ली/वॉशिंगटन. भारत और अमेरिका (India-US Deal) के बीच मंगलवार को रक्षा और सैन्य से जुड़े अहम समझौतों का ऐलान होने जा रहा है. 2+2 मंत्रीस्तरीय बैठक के दौरान दोनों देशों के बीच बेसिक एक्सचेंज एंड कोऑपरेशन एग्रीमेंट फॉर जियो-स्पेशियल कोऑपरेशन (BECA) समझौता होगा. इससे दोनों देशों के बीच रक्षा के क्षेत्र में कूटनीतिक रिश्तों में करीबी आएगी. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने सोमवार दोपहर अपने अमेरिकी समकक्ष मार्क एस्पर (Mark Esper) के साथ करीब एक घंटे तक बातचीत की. दोनों ने BECA समझौता किए जाने पर सहमति जताई.

    मिली जानकारी के दौरान इस बैठक में लद्दाख सीमा पर चीन की बढ़ती आक्रामकता पर भी चर्चा की गयी. रक्षा मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक मीटिंग में भारत-अमेरिका के बीच इंडो पैसेफिक रीजन में सहयोग बढ़ाने, मिलिट्री टू मिलट्री समझौतों पर मुहर लगाने और चीन की तरफ से बढ़ रहे चैलेंज के मद्देनज़र रीजनल सिक्योरिटी को सुनिश्चित करने जैसे अहम मुद्दों पर बातचीत हुई. रीजनल सिक्योरिटी से जुड़ी बातचीत के केंद्र में चीन की बढ़ती आक्रामकता ही रही और इस दौरान एस्पर ने अमेरिका की तरफ से पूरे सहयोग का आश्वासन दिया.


    बता दें कि BECA समझौता होने से दोनों देशों का रक्षा सहयोग बढ़ेगा। वे मैप और सैटेलाइट को लेकर जियो-स्पेशियल (भूस्थानिक) जानकारी साझा कर सकेंगे। समझौते से भारत को स्थला-कृतिक (Topographical), समुद्री (Nautical) और एयरोनॉटिकल डेटा की एक सीमा तक पहुंच मिलेगी. इसके साथ दोनों देशों के नौसेनाओं के बीच सहयोग बढ़ाने के लिए मैरीटाइम इंफॉर्मेशन शेयरिंग टेक्निकल अरेंजमेंट (MISTA) पर भी साइन किया जाएगा.पोम्पियो से मिले जयशंकर, वैक्सीन पर हुई बातबता दें कि भारत रवाना होने से पहले माइक पोम्पियो ने ट्वीट कर बताया था कि वे भारत, श्रीलंका, मालदीव और इंडोनेशिया की यात्रा पर जा रहे हैं. उन्होंने इसका मकसद सहयोगियों के साथ मुक्त और मजबूत इंडो पेसिफिक एरिया बनाने के लिए साझा लक्ष्य तैयार करना बताया. चीन से तनातनी के बीच अपने अमेरिकी समकक्ष का स्वागत करते हुए विदेश मंत्री एस जयशंकर ने दोनों देशों के बीच वैश्विक साझेदारी को आगे ले जाने की बात कही. वहीं अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो ने भारत दौरे के पहले दिन की तस्वीरें साझा करते हुए कहा कि आज की शाम दोनों देशों के बीच गहरे संबंधों का गवाह थी.



    दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच मुलाकात को लेकर अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने लिखा, 'दो साल में हो रही इस तीसरी बैठक अमेरिका और भारत के बीच मजबूत साझेदारी का संकेत है.' यूएस स्टेट डिपार्टमेंट ने आगे लिखा, 'पॉम्पियो ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत के आगामी कार्यकाल का स्वागत किया. साथ ही अमेरिका और भारत के लिए पारस्परिक और वैश्विक चिंता के मुद्दों पर एक साथ मिलकर काम करने की बात कही. दोनों नेता अमेरिका-भारत साझेदारी को और मजबूत करने के लिए अतिरिक्त अवसरों की उम्मीद में है.' अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने आगे लिखा, 'COVID की चुनौतियों से निपटने से लेकर क्षेत्रीय सुरक्षा मुद्दों पर प्रतिक्रिया, वैक्सीन के विकास और आर्थिक समृद्धि पर सहयोग करने तक, दोनों नेताओं ने माना कि भारत-अमेरिका के बीच साझेदारी दोनों राष्ट्रों की सुरक्षा और समृद्धि के लिए महत्वपूर्ण है.'





    उधर विदेश सचिव हर्षवर्धन सिंघला और यूएस के अंडर सेक्रेट्री ऑफ़ स्टेट ब्रायन बुलाताओ से मुलाक़ात की. इस मीटिंग में भी चीन की बढ़ रही आक्रामकता और उसके लिए रक्षा सहयोग बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की गयी. बता दें कि साल 2016 के बाद से ही अमेरिका ने भारत को प्रमुख डिफेन्स पार्टनर के तौर पर पेश किया है. दोनों देशों ने Logistics Exchange Memorandum of Agreement (LEMOA)डील भी साइन की है. इसके आलावा दोनों देशों ने COMCASA (Communications Compatibility and Security Agreement) डील भी साल 2018 में साइन की थी जिसके बाद दोनों देशों की सेनाओं के बीच हथियारों की खरीद-फरोख्त आसान हो गयी है . भारतीय सेना के पास C-17 और P-8 एयरक्राफ्ट का सबसे बड़ा बेड़ा है.
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