लद्दाख में चीन के पीछे हटते ही पाकिस्तान के भी सुर बदले, कहा- हम तो शांति चाहते हैं

लद्दाख में चीन के पीछे हटते ही पाकिस्तान के भी सुर बदले, कहा- हम तो शांति चाहते हैं
चीन के पीछे हटने के बाद अब पाकिस्तान के भी सुर बदल गए हैं.

गुरुवार को पाकिस्तान (Pakistan) ने कहा कि हम भारत-पाकिस्तान सीमा पर तनाव नहीं चाहते हैं और इसके लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं. हालांकि पाकिस्तान ने अपने दोनों जासूसों को भी 'निर्दोष' बताया है.

  • Share this:
इस्लामाबाद. लद्दाख में चीन (India-China Border Dispute) के 2 किलोमीटर पीछे हटने के बाद अब पाकिस्तान (Pakistan) के सुर भी बदले-बदले नज़र आ रहे हैं. पाकिस्तानी उच्चायोग के दो अधिकारियों को जासूसी के आरोप में भारत (India) से निष्कासित किए जाने के बाद आक्रामक नज़र आ रहा पाकिस्तान अब शांति और सद्भावना की बात कर रहा है. गुरुवार को पाकिस्तान ने कहा कि हम भारत-पाकिस्तान सीमा पर तनाव नहीं चाहते हैं और इसके लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं. पाकिस्तान ने अपने दोनों जासूसों को भी 'निर्दोष' बताया है.

पाकिस्तान विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता आइशा फारुकी ने कहा, 'पाकिस्तान की तनाव बढ़ाने की कोई मंशा नहीं है. हमने संयम बरतते हुए प्रतिक्रिया दी है. हालांकि राजनयिक नियमों का उल्लंघन और भारत का लगातार आक्रामक रवैया क्षेत्रीय शांति एवं सुरक्षा के लिए खतरा है.' पाकिस्तान ने गुरूवार को कहा कि उसने नयी दिल्ली स्थित पाकिस्तानी उच्चायोग के दो अधिकारियों को जासूसी के आरोप में भारत से निष्कासित किए जाने के मद्देनजर पड़ोसी देश के साथ तनाव बढ़ने से रोकने के लिए 'संयम बरतते हुए प्रतिक्रिया' दी है.

पकड़े गए जासूसों को बता रहा अधिकारी!
फारुकी ने दोहराया कि पाकिस्तानी अधिकारियों पर लगाए गए आरोप 'झूठे' एवं 'बेबुनियाद' हैं. उन्होंने भारत पर नियंत्रण रेखा पर 'बिना उकसावे के गोलीबारी' करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पाकिस्तान 'किसी भी आक्रामक कार्रवाई के खिलाफ अपना बचाव करने के लिए तत्पर है.' उन्होंने चीन एवं भारत के बीच तनाव संबंधी प्रश्न के उत्तर में कहा कि पाकिस्तान चीन एवं भारत की सीमा के पास हालात पर नजर रखे हुए है और उसे उम्मीद है कि यह मामला आपसी सहमति से सुलझा लिया जाएगा.



बता दें कि भारत ने यहां पाकिस्तानी उच्चायोग के दो अधिकारियों को जासूसी के आरोप में रविवार को देश में निषिद्ध करते हुए उन्हें 24 घंटे के अंदर देश छोड़कर जाने का आदेश दिया था. नयी दिल्ली में आधिकारिक सूत्रों ने बताया था आबिद हुसैन और मोहम्मद ताहिर नाम के अधिकारियों को दिल्ली पुलिस ने उस वक्त गिरफ्तार किया, जब वे रुपयों के बदले एक भारतीय नागरिक से भारतीय सुरक्षा प्रतिष्ठानों से संबंधित संवेदनशील दस्तावेज हासिल कर रहे थे.


गिलगित-बाल्टिस्तान में बौद्ध धरोहर नष्ट करने की ख़बरों को बताया गलत
पाकिस्तान ने गिलगित-बाल्टिस्तान में बौद्ध धरोहर को नष्ट करने की खबरों पर बृहस्पतिवार को भारत की चिंताओं को खारिज किया और इन्हें 'निरर्थक' करार दिया. भारत ने बुधवार को 'पाकिस्तान के अवैध और जबरन कब्जे वाले भारतीय क्षेत्र के तथाकथित गिलगित-बाल्टिस्तान स्थित अमूल्य भारतीय बौद्ध धरोहर को तोड़ने, विरूपित करने' की खबरों पर पाकिस्तान को अपनी कड़ी चिंता से अवगत कराया. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने नयी दिल्ली में कहा कि प्राचीन सभ्यतागत और सांस्कृतिक धरोहर के प्रति इस तरह की 'घृणित गतिविधियां अत्यंत निंदनीय' हैं. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को भारत से संबंधित क्षेत्र पर अवैध कब्जे को खत्म करना चाहिए.

श्रीवास्तव ने मुद्दे पर मीडिया के एक सवाल पर कहा कि भारत ने अमूल्य पुरातात्विक धरोहर को फिर से पूर्व स्वरूप में बहाल करने और इसके संरक्षण के लिए क्षेत्र तक अपने विशेषज्ञों की तत्काल पहुंच की मांग की है. पाकिस्तान के विदेश कार्यालय ने बृहस्पतिवार को कहा कि गिलगित-बाल्टिस्तान में बौद्ध सांस्कृतिक धरोहर से जुड़ी भारत सरकार की आपत्ति 'निरर्थक' है और यह 'पाकिस्तान विरोधी दुष्प्रचार' का हिस्सा है. इसने एक बयान में कहा, 'भारत के आरोप ऐतिहासिक तथ्यों, अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के संबंधित प्रस्तावों के विपरीत हैं.'

 

ये भी पढ़ें:

जानें भारत की इस सड़क समेत दुनिया में किन जगहों पर काम नहीं करता है गुरुत्वाकर्षण बल

मिल गई धरती की सबसे साफ हवा, जानिए कहां और कैसे

शी जिनपिंग के लिए बहुत भारी गलती साबित होगा भारत-चीन का टकराव

Coronavirus: ट्रंप-पुतिन जैसे 'लोकप्रिय अनुदार' नेताओं वाले देशों में सबसे खराब क्‍यों हैं हालात

जानें कैसे आता है मानसून और कैसे दक्षिण से उत्‍तर तक पूरे देश में करता है झमाझम बारिश?
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading