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IMF प्रमुख ने की भारत की आर्थिक नीतियों की तारीफ, कहा- देश ने निर्णायक फैसले लिए

IMF प्रमुख क्रिस्टलीना जॉर्जीवा 
(फाइल फोटो: News18 English)
IMF प्रमुख क्रिस्टलीना जॉर्जीवा (फाइल फोटो: News18 English)

क्रिस्टलीना जॉर्जीवा (Kristalina Georgieva) ने भारत से आर्थिक व्यवस्था में सुधार जारी रखने की अपील की है. उन्होंने कहा 'यह अच्छी बात है कि भारत में अभी और काम करने की गुंजाइश है. अगर आप और कर सकते हैं, तो कृपया जरूर करें.'

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  • Last Updated: January 15, 2021, 3:08 PM IST
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वॉशिंगटन. अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (International Monetary Fund) की प्रमुख क्रिस्टलीना जॉर्जीवा ने कोरोना वायरस महामारी (Corona Virus Pandemic) के दौरान भारत की आर्थिक नीतियों की तारीफ की है. उन्होंने कहा है कि भारत ने महामारी और इसके आर्थिक प्रभावों से निपटने के लिए निर्णायक फैसले लिए हैं. 14 जनवरी को आयोजित ग्लोबल मीडिया राउंडटेबल के दौरान जॉर्जीवा ने आगामी वर्ल्ड इकोनॉमिक अपडेट में भारत के बेहतर प्रदर्शन का अनुमान लगाया है. आईएमएफ यह अपडेट 26 जनवरी को जारी करेगा.

क्रिस्टलीना जॉर्जीवा ने भारत को ऐसे कदम उठाने और अर्थव्यवस्था को तेजी से चलाने के लिए कहा है. उन्होंने कहा, 'जब मैंने सभी से कहा कि 26 जनवरी के लिए तैयार रहें, तो यह खासकर भारत पर लागू होता है. आप हमारी अपडेट में ऐसी तस्वीर देखेंगे, जो कम खराब है. आखिर ऐसा क्यों?' जॉर्जीवा ने आगे बताया, 'क्योंकि देश ने वास्तव में काफी निर्णायक फैसले लिए हैं. महामारी और इसके आर्थिक परिणामों का सामना करने के लिए काफी निर्णायक फैसले लिए गए.'





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वहीं, उन्होंने लॉकडाउन के दौरान लिए गए फैसलों की भी सराहना की है. जॉर्जीवा ने कहा, 'तब भारत और भी ज्यादा लक्षित लॉकडाउन और पाबंदियों की तरफ बढ़ा था. जो हमने देखा वह है नीति समर्थन के साथ ट्रांजिशन ने मिलकर अच्छा काम किया. आखिर ऐसा कैसे हुआ?' आईएमएफ प्रमुख ने कहा, 'क्योंकि अगर आप गतिशीलता के संकेतों को देखेंगे, तो हम भारत में ठीक उसी जगह हैं, जहां कोविड-19 के पहले थे. इसका मतलब है कि आर्थिक गतिविधियों में खासा सुधार आया है.'

उन्होंने कहा, 'सरकार ने मौद्रिक नीति और वित्तीय नीति को लेकर जो किया वह सराहनीय है. वास्तव में यह उभरते हुए बाजारों के औसत से ज्यादा है.' जॉर्जीवा ने बताया, 'उभरते हुए बाजारों ने 6 फीसदी जीडीपी तैयार की. भारत में यह थोड़ा ऊपर है.' वहीं, उन्होंने भारत से आर्थिक व्यवस्था में सुधार जारी रखने की अपील की है. उन्होंने कहा, 'यह अच्छी बात है कि भारत में अभी और काम करने की गुंजाइश है. अगर आप और कर सकते हैं, तो कृपया जरूर करें.'
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