Home /News /world /

अमेरिकी यूनिवर्सिटी ने चीनी स्कॉलर्स को किया टर्मिनेट, कहा- जल्द लौट जाएं अपने वतन

अमेरिकी यूनिवर्सिटी ने चीनी स्कॉलर्स को किया टर्मिनेट, कहा- जल्द लौट जाएं अपने वतन

नॉर्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी ने 15 चीनी स्कॉलर्स को टर्मिनेट कर दिया है.

नॉर्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी ने 15 चीनी स्कॉलर्स को टर्मिनेट कर दिया है.

नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी (North Texas University) ने बिना कारण बताये 15 स्कॉलर्स को अचनक और मनमाने ढंग से टर्मिनेट (Terminate Scholarship) कर दिया.

  • News18Hindi
  • Last Updated :
    टेक्सास. नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी (North Texas University) ने बिना कारण बताये 15 स्कॉलर्स को अचनक और मनमाने ढंग से टर्मिनेट (Terminate Scholarship) कर दिया. नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाले चीनी छात्रों और विद्वानों ने इस टर्मिनेशन पर एक ऑनलाइन पेटिशन लांच की है और यूनिवर्सिटी से उनके टर्मिनेशन के इस निर्णय को रद्द करने का आग्रह किया है. साउथ अमेरिकन स्कूल ने 26 अगस्त को इन विजिटिंग स्कॉलर्स को ईमेल भेजे जिसमें उन्होंने बताया कि ईमेल, सर्वर और अन्य सामग्रियों सहित स्कूल संसाधनों तक उनकी पहुंच को समाप्त किया जा सकता है. यूनिवर्सिटी के किसी साथी के बिना उन्हें परिसर में जाने की भी अनुमति नहीं है.

    एक महीने में अमेरिका छोड़कर जाने का दिया आदेश

    नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी के इस निर्णय का अर्थ है कि स्कॉलर्स को केवल एक महीने का ग्रेस पीरियड दिया गया है. वे इस अवधि में अपने शोध को किसी तरह पूरा करें, अपने घरों की लीज को खत्म करें, अपना सामान पैक करें और अमेरिका छोड़कर जाने के लिए टिकट का इंतजाम करें जो कि तत्काल में बहुत महंगा मिलने की संभावना है.

    यूनवर्सिटी ने स्कॉलर्स को नहीं बताया कारण

    छात्रों और स्कॉलर्स ने वेबसाइट पर इससे संबंधित याचिका पर समर्थन माँगा है और साथ ही अपने यूनिवर्सिटी से इस फैसले को रद्द करने का आग्रह किया है. नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी के एक ग्रेजुएट और याचिकाकर्ता लियांग युहेंग ने कहा कि साउथ अमेरिकन स्कूल ने अभी इस टर्मिनेशन का कोई कारण नहीं बताया है और नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी ऐसी एकमात्र अमेरिकी यूनिवर्सिटी है जिसने अब तक इस तरह की घोषणा की है. लियांग ने यह भी कहा कि नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी में चीनी छात्रों और विद्वानों का कोई बड़ा समुदाय नहीं है लेकिन हम अमेरिकी स्कूली छात्र और प्रोफेसरों का धन्यवाद करते हैं कि वे हमारे संदेश को आगे बढ़ा रहे हैं और हमारा सभी मंथन कर रहे हैं.

    'बगैर किसी आरोप और दोष के इतना सख्त कदम उठाना ठीक नहीं'

    नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी में दर्शन के एक एसोसिएट प्रोफेसर एडम ब्रिग्ल ने पिछले नौ वर्षों में सात चीनी विद्वानों की मेजबानी की है. प्रोफेसर एडम ब्रिग्ल भी इन विद्वानों के लिए वीजा को अचानक समाप्त करना उचित नहीं समझते. उन्होंने पेटिशन वेबसाइट पर लिखा कि नार्थ टेक्सास यूनिवर्सिटी के पास चीनी विजिटिंग स्कॉलर्स के खिलाफ किसी तरह का कोई आरोप नहीं है. उन्होंने लिखा कि इस महामारी में इस तरह की कार्यवाही के परिणाम गंभीर हो सकते हैं. इन विजिटिंग स्कॉलर्स को चीन के शिक्षा मंत्रालय से संबद्ध एक गैर-लाभकारी संस्थान 'चाइना स्कॉलरशिप काउंसिल' (सीएससी) द्वारा स्पॉन्सर किया जाता है. यह संस्थान विदेश में अध्ययन करने की इच्छा रखने वाले और चीन में अध्ययन करने वाले विदेशियों को आर्थिक सहायता प्रदान करता है.

    ये भी पढ़ें: चीनी विदेश मंत्रालय ने कहा- सीमा पर नहीं मारा गया एक भी भारतीय सैनिक

    चीन की जेल में उइगर मुस्लिम महिलाओं को नग्न कर छिड़का जा रहा है खतरनाक केमिकल

    ग्लोबल टाइम्स को सूत्रों से पता चला कि चाइना स्कालरशिप कॉउन्सिल (सीएससी) और अमेरिका में चीनी दूतावास मिलकर इन छात्रों के लिए चार्टर्ड उड़ानों में जाने के लिए जगह मिलने की व्यवस्था की कोशिश कर रहे हैं.

    Tags: China and america, Texas University

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर