अमेरिका में प्रदर्शन के दौरान बुजुर्ग को धक्का देने वाले पुलिसवालों को दोषी नहीं ठहराया

अमेरिका में प्रदर्शन के दौरान बुजुर्ग को धक्का देने वाले पुलिसवालों को दोषी नहीं ठहराया
प्रदर्शन के दौरान बुजुर्ग को धक्का देता हुए पुलिस अधिकारी (Photo: AP)

अमेरिका में पिछले दिनों नस्लवाद (Racism) और पुलिस की बर्बरता (Police Brutality) के खिलाफ एक प्रदर्शन के दौरान पुलिस वाले ने एक 75 वर्षीय वर्षीय व्यक्ति को धक्का देने वाले दोनों पुलिस अधिकारियों को कोर्ट ने दोषी नहीं ठहराया.

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न्यूयॉर्क. पिछले दिनों नस्लवाद  (Racism) और पुलिस की बर्बरता (Police Brutality) के खिलाफ एक प्रदर्शन (Protest) के दौरान पुलिस वाले ने एक 75 वर्षीय वर्षीय व्यक्ति को धक्का दिया और वे जमीन पर गिर पड़े थे. उसके सिर में काफी चोट भी आई थी. इसमें दो पुलिस वालों की पहचान की गई थी लेकिन शनिवार को हुई सुनवाई के दौरान किसी को दोषी नहीं ठहराया गया.

इस मामले की अगली सुनवाई 20 जुलाई को होगी

दोनों पर दूसरी डिग्री में एक हमले का आरोप लगाया गया था और उन्हें बिना जमानत के अपनी पहचान पर रिहा कर दिया गया था. हमले के लिए एरी काउंटी डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी के कार्यालय द्वारा 39 वर्षीय आरोन तोर्गलस्की और 32 वर्षीय रॉबर्ट मैककेबे, 32 के रूप में शिनाख्त हुई थी. वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से तर्क दिए गए. दोनों ही पुलिस वालों की पैरवी एक ही वकील ने की. सीएनएन के अनुसार दोनों ही पुलिस अधिकारियों को 20 जुलाई को फिर से अदालत में पेश होना है.



बुजुर्ग गुगिनों को हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया



गुरुवार को हुए प्रदर्शन के दौरान की वीडियो में 75 वर्षीय मार्टिन गुगिनो को पीछे धकेलने वाले दो अधिकारियों को दिखाया गया है. धक्के की वजह से वह फुटपाथ पर गिर जाता है, जहां उसका सिर फट जाता है. उसके बाद अधिकारी और अन्य लोग उसके पास से गुजरते हैं, कुछ उसे नीचे गिरा हुए देखते हुए चले जाते हैं. गुगिनो को हॉस्पिटल में भर्ती किया गया था.

'वह आग में तेल नहीं डालना चाहते थे'

अधिकारियों एरी काउंटी के जिला अटॉर्नी जॉन फ्लिन ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि शनिवार की सुबह खुद ही पहुंच गए. फ्लिन ने कहा कि वह शुक्रवार को अधिकारियों को चार्ज करने के लिए तैयार था, लेकिन उसने शुक्रवार को इमरजेंसी रिस्पांस टीम से 57 अधिकारियों के इस्तीफा देने के बाद "आग पर पेट्रोल डालना नहीं चाहता था" और वे बफ़ेलो शहर की रक्षा के लिएकल रात आने वाले नहीं थे.

सबकी सुरक्षा के लिए मैंने यह फैसला लिया: जिला अटॉर्नी

फ्लिन शुक्रवार की रात शहर, प्रदर्शनकारी और अधिकारियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित थे.उन्होंने कहा कि मैं आमतौर पर चिंतित था कि क्या हो सकता है अगर मैं कल दोपहर को ऐसा करता हूं और जबकि शहर में पर्याप्त सुरक्षा नहीं है. उन्होंने कहा कि यही वजह है कि मैंने आज ऐसा फैसला लिया. "तो मैंने फैसला किया आज सुबह करने के लिए। "

'75 वर्षीय व्यक्ति को कंक्रीट पर नहीं गिरा सकते'

यह पूछे जाने पर कि अधिकारियों को कैसे एक 75 वर्षीय प्रदर्शनकारी के साथ व्यवहार करना चाहिए था? इसके जवाब में फ्लिन ने कहा कि आप कंक्रीट पर खोपड़ी नहीं गिरा सकते हैं. उन्होंने कहा कि अगर आदमी कुछ अवैध कर रहा था, तो उसे गिरफ्तार किया जाना चाहिए था.

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