चीन-PAK इकोनॉमिक कॉरीडोर का कोई सैन्य पहलू नहीं: पाकिस्तान

चीन-PAK इकोनॉमिक कॉरीडोर का कोई सैन्य पहलू नहीं: पाकिस्तान
सांकेतिक फोटो

न्यूयॉर्क टाइम्स में छपी एक खबर के मुताबिक, पाकिस्तानी वायुसेना और चीन के अधिकारी इस गुप्त प्रस्ताव को अंतिम रूप देने के लिये तैयार हैं. हालांकि, चीन ने पिछले सप्ताह इस रिपोर्ट को झूठा बताते हुए खारिज कर दिया था.

  • News18Hindi
  • Last Updated: December 28, 2018, 10:15 PM IST
  • Share this:
पाकिस्तान ने कहा है कि चीन पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (सीपीईसी) एक द्विपक्षीय आर्थिक परियोजना है और इसे सैन्य नजरिये से नहीं देखा जाना चाहिए. पाकिस्तान के विदेश कार्यालय के प्रवक्ता मोहम्मद फैसल ने यह बात गुरुवार को साप्ताहिक मीडिया ब्रीफिंग के दौरान कही. फैसल ने अमेरिका की उस रिपोर्ट पर पूछे गए सवाल के जवाब में ये टिप्पणी की, जिसमें आरोप लगाया गया है कि चीन 60 अरब अमेरिकी डॉलर की इस परियोजना के तहत पाकिस्तान में लड़ाकू विमान और अन्य सैन्य हथियार बनाने की गुप्त योजना पर काम कर रहा है.

न्यूयॉर्क टाइम्स में छपी एक खबर के मुताबिक, पाकिस्तानी वायुसेना और चीन के अधिकारी इस गुप्त प्रस्ताव को अंतिम रूप देने के लिये तैयार हैं. हालांकि, चीन ने पिछले सप्ताह इस रिपोर्ट को झूठा बताते हुए खारिज कर दिया था.

ट्रंप की चेतावनी- आर्थिक पैकेज मंजूर न हुआ तो US-मेक्सिको बॉर्डर पूरी तरह से कर देंगे बंद



पाकिस्तान के समाचार पत्र डॉन ने फैसल के हवाले से कहा, 'सीपीईसी ने पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था और खासतौर पर इसके तहत आने वाले ऊर्जा और बुनियादी ढांचे से जुड़े क्षेत्रों में सुधार किया है. सीपीईसी द्विपक्षीय आर्थिक परियोजना है, जो किसी देश के खिलाफ नहीं है.'
बता दें कि पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में ग्वादर बंदरगाह और चीन के शिनजियांग प्रांत को जोड़ने वाला सीपीईसी चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग की महत्वाकांक्षी बेल्ट एंड रोड पहल (बीआरआई) की प्रमुख परियोजना है. (एजेंसी इनपुट)
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज