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तेजी से बढ़ रहा ओमिक्रॉन, नए वेरिएंट से बचने के लिए कैसा होना चाहिए मास्क? एक्सपर्ट ने दी ये सलाह

तेजी से बढ़ रहा ओमिक्रॉन, नए वेरिएंट से बचने के लिए कैसा होना चाहिए मास्क? एक्सपर्ट ने दी ये सलाह

एक अच्छे मास्क में फिल्टर होने के साथ साथ उसे चेहरे को भी अच्छे से कवर करना चाहिए.(फाइल फोटो)

एक अच्छे मास्क में फिल्टर होने के साथ साथ उसे चेहरे को भी अच्छे से कवर करना चाहिए.(फाइल फोटो)

Omicron variant, Omicron variant india cases : ग्रीनहाल ने कहा कि डबल और ट्रिपल लेयर वाले मास्क प्रोटेक्शन के लिए मिक्स मैटेरियल के बने होते हैं जो कि लाभकारी होते हैं जबकि कई बार मास्क में नाममात्र का कवरिंग और लेयर होते हैं जिनका मकसद सिर्फ फैशन होता है. ऐसे मास्क में संक्रमण से बचाव की अपेक्षा लुक को ज्यादा तवज्जो दी जाती है.

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    नई दिल्ली: कोरोना के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन (Covid new variant Omicron) ने अपनी रफ्तार बढ़ा दी है. भारत समेत दुनिया भर में ओमिक्रॉन (Omicron Update) के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं. देश में करीब 17 राज्यों में ओमिक्रॉन (Omicron in India) ने दस्तक दे दी है. तेजी से बढ़ते संक्रमण के बीच एक बार फिर से फेस मास्क को लेकर सक्रिय हो गए हैं. संक्रमण से बचाव में मास्क (Face Masks) सबसे ज्यादा कारगर है. ऐसे में विशेषज्ञों ने मास्क के चुनाव को लेकर भी चेतावनी दी है. एक्सपर्ट का कहना है कि सिर्फ मास्क लगाने से ही संक्रमण (Covid Infection) से बचाव नहीं होता. मास्क कितना प्रभावी होगा यह इस बात पर निर्भर करता है कि वह किस तरह के कपड़े से बना हुआ है.

    संक्रमण के दौर में कई बार लोग इस बात को ज्यादा तवज्जो देने लगते हैं कि मास्क अच्छा दिखने वाला होना चाहिए. उसको कई बार प्रयोग किया जा सके. ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में प्राथमिक स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं के प्रोफेसर ट्रिश ग्रीनहाल ने कहा कि मास्क अच्छे भी होते हैं और भयानक भी हो सकते हैं. यह इस बात पर निर्भर है कि उसमें किस तरह के कपड़े का प्रयोग किया गया है.

    कई मास्क सिर्फ फैशन के लिए
    ग्रीनहाल ने कहा कि डबल और ट्रिपल लेयर वाले मास्क प्रोटेक्शन के लिए मिक्स मैटेरियल के बने होते हैं जो कि लाभकारी होते हैं जबकि कई बार मास्क में नाममात्र का कवरिंग और लेयर होते हैं जिनका मकसद सिर्फ फैशन होता है. ऐसे मास्क में लुक को ज्यादा तवज्जो दी जाती है, संक्रमण से बचाव की अपेक्षा.

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    इस समय दुनिया भर के लिए अत्यधिक संक्रामक वेरिएंट ओमिक्रॉन कोविड संक्रमण का कारण बना हुआ है. विश्व भर की सरकारें एक बार फिर से संक्रमण को रोकने के लिए प्रतिबंधों को कड़ा कर रही हैं. इसी महीने की शुरुआत में ब्रिटेन ने सार्वजनिक स्थलों, दुकानों और कुछ इनडोर जगहों पर मास्क का प्रयोग पूरी तरह से अनिवार्य कर दिया है. बिना मास्क वालों को कई जगहों पर जाने से रोक लगी हुई है. इससे पहले ब्रिटेन में गर्मी के मौसम में जब संक्रमण कुछ थमा था तो मास्क के प्रयोग में राहत दी गई थी, लेकिन ओमिक्रॉन ने एक बार फिर से देश में हालात गंभीर बना दिए हैं.

    ये मास्क 95 प्रतिशत हवा को करता है फिल्टर
    ग्रीनहाल कहते हैं कि कपड़े के मास्क का सबसे बड़ा मुद्दा यह है कि उन्हें बनाने के लिए किसी भी तरह के स्वास्थ्य मानकों को पूरा नहीं करना पड़ा जबकि वहीं N95 रेस्पिरेटर मास्क बनाने के लिए यह सुनिश्चित करना होता है कि मास्क धूल के कणों को 95 प्रतिशत तक फिल्टर करे. उन्होंने कहा कि कपड़े के मास्क में यह नहीं बताया जा सकता है कि यह संक्रमण से कितना बचाव करता है.

    सिर्फ फिल्टर ही जरूरी नहीं है
    उन्होंने कि अगर मास्क में फिल्टर सिस्टम अच्छा है और वह आपकी नाक और मुंह को ठीक प्रकार से नहीं कवर करता तो यह पूरी तरह से फेल है. उन्होंने कहा ति एक अच्छा मास्क वहीं है जो आपके शरीर में वायरस को जाने से रोके और साथ ही आपको मास्क के प्रयोग के दौरान सांस लेने में भी किसी तरह की दिक्कत न हो. उन्होंने कहा कि पैसे से कमजोर लोग अधिकांशत: इस बात पर ध्यान देते हैं कि मास्क ऐसा हो जो कि बार बार प्रयोग किया जा सके, लेकिन अब ऐसे मास्क भी उपलब्ध हैं जो कि हवा को फिल्टर भी अच्छी तरह से करते हैं और उन्हें बार बार धोया भी जा सकता है.

    Tags: Coronavirus, Omicron

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