चीन की धमकी- भारत को तीन सीमाओं पर एक साथ लड़ना पड़ सकता है युद्ध

चीन सीमा पर पुलिस और सेना के जवानों के बीच सामंजस्य स्थापित करने कहा गया है.

चीन सीमा पर पुलिस और सेना के जवानों के बीच सामंजस्य स्थापित करने कहा गया है.

चीन (China) लगातार सीमा विवाद (India-China Border Dispute) को शांति से सुलझाने की बात कर रहा है वहीं उसका स्टेट मीडिया लगातार भारत को युद्ध की धमकी दे रहा है. इस बार चीन ने भारत को चेतावनी दी है कि अगर वह युद्ध का विकल्प चुनता है तो ये उसके लिए आत्मघाती साबित हो सकता है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: June 18, 2020, 10:01 AM IST
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बीजिंग. एक तरफ चीन (China) लगातार सीमा विवाद (India-China Border Dispute) को शांति से सुलझाने की बात कर रहा है वहीं उसका स्टेट मीडिया लगातार भारत को युद्ध की धमकी दे रहा है. इस बार चीन ने भारत को चेतावनी दी है कि अगर वह युद्ध का विकल्प चुनता है तो ये उसके लिए आत्मघाती साबित हो सकता है. चीनी एक्सपर्ट्स का दावा है कि भारत को इस बार एक साथ तीन मोर्चों चीन, पाकिस्तान (Pakistan) और नेपाल (Nepal) के साथ एक साथ युद्ध करना पड़ सकता है.

चीनी सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स में शंघाई एकेडमी ऑफ़ सोशल साइंस के इंस्टीट्यूट ऑफ़ इंटरनेशनल रिलेशन में रिसर्च फेलो हू झियोंग दावा करते हैं कि भारत के लिए चीन के साथ युद्ध करना आर्थिक मोर्चे पर तो काफी नुकसानदायक है ही बल्कि ये युद्ध उसे कई मोर्चों पर एक साथ लड़ना पड़ेगा. इस लेख के मुताबिक भारत बीते कुछ सालों से लगातार पड़ोसी देशों की नाराजगी झेल रहा है. पाकिस्तान से उसके रिश्ते ख़राब हैं और अब नेपाल से भी सीमा विवाद में उलझ कर उसने तनाव बढ़ा दिया है. इससे पहले एक नागरिकता कानून पर बांग्लादेश भी आपत्ति दर्ज करा चुका है. इसके अलावा लॉकडाउन और कोरोना संक्रमण के चलते उसकी अर्थव्यवस्था भी काफी बुरी हालत में है.


पड़ोसी देश भारत के आक्रामक से खुश नहींइस लेख में दावा किया गया है कि भारत के पड़ोसी देश उसकी आक्रामक नीतियों से खुश नहीं है और चीन से हुआ विवाद भी इसी की देन है. हू झियोंग के मुताबिक भारत फिलहाल तीन सीमाओं पर विवादों से घिरा है जिसमें पाकिस्तान, नेपाल और चीन शामिल है. पाकिस्तान ने बीते सालों में चीन के समक्ष खुद को एक अच्छा पार्टनर साबित किया है इसके आलावा नेपाल से भी लगातार चीन के काफी अच्छे संबंध बने हुए हैं. अगर भारत युद्ध के बारे में सोचता है तो उसे इन तीन मोर्चों पर एक साथ लड़ना होगा जो कि उसके क्या किसी देश की सेना के बस की बात नहीं है.




'बायकॉट चाइना' से भारत को नुकसान
ग्लोबल टाइम्स ने एक अन्य लेख में भारत को चेतावनी देते हुए लिखा है कि दोनों देशों के बीच जारी तनाव के दौरान 'एंटी चाइना मूवमेंट' भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए आत्मघाती कदम होगा. भारत में कुछ लोग अपने हितों के लिए चीन के प्रति शत्रुता को बढ़ावा दे रहे हैं. उसने धमकी भरे लहजे में लिखा कि भारत को यह समझना चाहिए कि चीन का संयम कमजोर नहीं है. चीनी मीडिया ने लिखा कि कोरोनो वायरस महामारी के बीच वैश्विक अर्थव्यवस्था को बड़ी अनिश्चितता का सामना करना पड़ रहा है. इस वर्ष अर्थव्यवस्थाओं पर बढ़ते दबाव के बीच यदि चीन और भारत सीमा तनाव को कम नहीं करते हैं तो दोनों तरफ के आर्थिक विकास को निश्चित ही भारी नुकसान होगा.



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