फ्रांस के नए पीएम बने जीन कास्टेक्स, आलोचक मान रहे इसे राष्ट्रपति मैक्रॉन की चाल

फ्रांस के नए पीएम बने जीन कास्टेक्स, आलोचक मान रहे इसे राष्ट्रपति मैक्रॉन की चाल
फ्रांस के नए पीएम बनाए गए जीन कास्टेक्स

फ्रांस (France) के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन (French President Emmanuel Macron) ने शुक्रवार को जीन कास्टेक्स (New Prime Minister Jean Castex) को देश का नया प्रधानमंत्री नियुक्त किया है.

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पेरिस. फ्रांस (France) के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन (French President Emmanuel Macron) ने शुक्रवार को जीन कास्टेक्स (New Prime Minister Jean Castex) को देश का नया प्रधानमंत्री नियुक्त किया है. जीन कास्टेक्स की प्रधानमंत्री पद पर नियुक्ति को राष्ट्रपति मैक्रॉन की 2022 में होने वाले चुनावों की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है. कोरोनो वायरस संकट के बाद मैक्रॉन अर्थव्यवस्था को जनता की आलोचना का शिकार होना पड़ रहा था. इस नियुक्ति को मोहभंग हुए मतदाताओं का विश्वास प्राप्त करने की कोशिश के रूप में देखा जा सकता है. मैक्रोन अपनी सरकार में फेरबदल कर रहे हैं क्योंकि फ्रांस दूसरे विश्वयुद्ध के बाद से सबसे बड़े आर्थिक संकट से जूझ रहा है और माना जा रहा है कि 2020 में आर्थिक मंदी के चलते देश की अर्थव्यवस्था में लगभग 11% की कमी होगी और बड़े स्तर पर नौकरियां जाएंगी.

नए प्रधानमंत्री कैरियर टेक्नोक्रेट हैं

देश के नए प्रधानमंत्री के रूप में चुने गए 55 वर्षीय कास्टेक्स कैरियर टेक्नोक्रेट हैं जिन्हें स्थानीय राजनीति का अनुभव है जिन्हें हाल ही में कोरोना के कारण लगे लॉकडाउन से देश को बाहर निकालने की नीतियों की सफलता के कारण 'मोन्जियूर डिकन्फाइन्मेंट' के नाम से भी जाना गया. नए प्रधानमंत्री कास्टेक्स फ्रांस के राजनेताओं और लोक सेवकों के शीर्ष प्रशासनिक स्कूल के पूर्व छात्र रहे हैं. वे सरकार के सभी स्तरों पर सिविल सर्वेंट के पदों पर काम कर चुके हैं और पूर्व राष्ट्रपति निकोलस सरकोजी के वरिष्ठ सलाहकार भी रह चुके हैं.



आर्थिक संकट से लड़ने के लिए एकजुट होना पड़ेगा: पीएम
कास्टेक्स ने देश के हालातों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि देश में आर्थिक संकट पहले से ही है और हमें प्राथमिकताओं को तय करना होगा और अपने काम करने के तरीकों को बेहतर बनाना होगा. हमें इस संकट से लड़ने के लिए राष्ट्र को एकजुट करना होगा।

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28 जून को देशव्यापी नगरपालिका चुनावों में मैक्रॉन की पार्टी का प्रदर्शन बहुत खराब हुआ है. उनकी पार्टी बड़े शहरों में चुनाव हार गई और विपक्षी ग्रीन पार्टी को जनता का भरपूर समर्थन मिल रहा है. इस सबमें उल्लेखनीय बात पूर्व प्रधानमंत्री एडुआर्डो फिलिप की जीत रही जिससे सरकार से उनके बाहर निकलने से उनके लिए उत्तरी बंदरगाह के मेयर बनने का रास्ता साफ हो गया, जहां से वह दो साल के अंदर राष्ट्रपति मैक्रॉन के प्रतिद्वंद्वी बनकर उभर सकते हैं.
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