चीनी मीडिया: राजीव-डेंग बैठक की तरह अहम है मोदी-जिनपिंग की शिखर बैठक

उस वक्त राजीव गांधी के चीन दौरे से व्यापार के स्तर पर बड़े समझौते हुए थे और उसे आर्थिक नजरिये से आज भी अहम माना जाता है

पीटीआई
Updated: April 24, 2018, 1:44 PM IST
चीनी मीडिया: राजीव-डेंग बैठक की तरह अहम है मोदी-जिनपिंग की शिखर बैठक
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग
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Updated: April 24, 2018, 1:44 PM IST
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की होने वाली मुलाकात को चीनी मीडिया ने बेहद अहम माना है. मोदी की इस मुलाकात की तुलना 1988 में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी और चीनी नेता डेंग ज़ियाओपिंग से की है. इस महीने 27-28 अप्रैल को चीन के वुहान शहर में दोनों राष्ट्राध्यक्षों की शिखर बैठक होगी.

मोदी और जिनपिंग के बीच यह एक अनौपचारिक शिखर बैठक होगी. इस बैठक में दोनों देशों के संबंधों को बेहतर बनाने के लिए दोनों नेता नई पहल की कोशिश करेंगे. बता दें कि डोकलाम, सीपीईसी जैसे मुद्दों के चलते दोनों देशों के संबंध तनावपूर्ण हो गए हैं.

ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है "राजीव गांधी और चीनी नेता डेंग ज़ियाओपिंग के बीच मुलाकात से जो बड़े निष्कर्ष निकल कर आए थे, ठीक उसी तरह पीएम मोदी के इस दौरे पर होने की उम्मीद है. उस वक्त राजीव गांधी के चीन दौरे से व्यापार के स्तर पर बड़े समझौते हुए थे और उसे आर्थिक नजरिये से आज भी अहम माना जाता है.''

ग्लोबल टाइम्स के मुताबिक दोनों के इस मुलाकात से एशिया की दो शक्तियों के बीच जो दूरियां हैं वो कम होंगी और रिश्ते को मजबूती मिलेगी.

एक और अखबार चीना डेली ने लिखा है कि 1988 में राजीव गांधी और डेंग ने मुलाकात के बाद पुरानी दुश्मनी खत्म की थी. ऐसे में ये देखना दिलचस्प होगा कि क्या मोदी और शी जिनपिंग भी ऐसा ही करेंगे. अखबार ने लिखा है, "दोनों देशों को आपसी विश्वास बढ़ाने के लिए और बातचीत की जरूरत है जिससे कि एक बार फिर से कोई सीमा विवाद न हो जाए".
साल 2014 में सत्ता में आने के बाद ये पीएम मोदी की चौथी चीन यात्रा होगी. मोदी और शी की शिखर बैठक से पहले ही दोनों देशों के बीच हाईलेवल बातचीत शुरू हो चुकी है. इसकी शुरुआत पिछले साल दिसंबर में चीनी विदेश मंत्री वांग की भारत यात्रा से हुई थी. डोकलाम गतिरोध के बाद दोनों देशों के बीच यह पहली हाईलेवल बातचीत थी.
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