ऑनलाइन कोर्सेस में एडमिशन लेने वालों को एंट्री नहीं, ट्रंप प्रशासन ने पल्ला झाड़ा

ऑनलाइन कोर्सेस में एडमिशन लेने वालों को एंट्री नहीं, ट्रंप प्रशासन ने पल्ला झाड़ा
अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (File Photo)

अमेरिका में शुक्रवार को इमीग्रेशन अधिकारियों ने फिर से घोषणा की कि अगर नए विदेशी छात्र (foreign students) अगले सेशन में अपनी कक्षाएं पूरी तरह से ऑनलाइन लेने की योजना बना रहे हैं तो उन्हें अमेरिका में प्रवेश करने से रोक दिया जाएगा.

  • News18Hindi
  • Last Updated: July 25, 2020, 12:14 PM IST
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वाशिंगटन. अंतरराष्ट्रीय छात्रों पर लगे प्रतिबंधों (Ban On international students) को हटाने के एक सप्ताह बाद शुक्रवार को इमीग्रेशन अधिकारियों ने फिर से घोषणा की कि अगर नए विदेशी छात्र (foreign students) अगले सेशन में अपनी कक्षाएं पूरी तरह से ऑनलाइन लेने की योजना बना रहे हैं तो उन्हें अमेरिका में प्रवेश करने से रोक दिया जाएगा. कॉलेजों के अधिकारियों को दिए एक ज्ञापन में अमेरिका के इमीग्रेशन और सीमा शुल्क प्रवर्तन ने कहा कि जो नए छात्र 9 मार्च तक नामांकित नहीं हुए हैं अगर पूरी तरह से ऑनलाइन पाठ्यक्रम लेने का इरादा रखते है तो संभवतः वे छात्र वीजा प्राप्त (New Foreign Students Will Be Barred From Entering the United States) नहीं कर पाएंगे. यह घोषणा मुख्य रूप से विश्वविद्यालयों में दाखिला लेने की उम्मीद कर रहे नए छात्रों को प्रभावित करेगी. इस सेशन में विश्वविद्यालय कोरोना वायरस महामारी के कारण पूरी तरह से ऑनलाइन कक्षाएं प्रदान करेंगे. हालांकि बाद में ट्रंप प्रशासन ने इस आदेश से किनारा कर लिया.

कारोना के कारण ऑनलाइन हुई कक्षाएं

अंतरराष्ट्रीय छात्र जो पहले से ही अमेरिका में हैं या विदेश से लौट रहे हैं और जिनके पास पहले से वीजा है, उन्हें अभी भी पूरी तरह से ऑनलाइन कक्षाएं लेने की अनुमति होगी. अभी तक की सूचना के अनुसार भले ही वे पाठ्यक्रम की शुरुआत प्रत्यक्ष बैठ कर करें लेकिन उनके स्कूल बिगड़ते प्रकोप के कारण ऑनलाइन हो गए हैं. हजारों विदेशी छात्रों को निर्वासित करने की धमकी देने वाली ट्रंप प्रशासन की नीति को रद्द करने के लिए सैकड़ों छात्र एकजुट हुए. इसके एक सप्ताह बाद इस बदली नीति ने कॉलेजों को एक झटका दे दिया है. इस नियम ने अमेरिका के सभी अंतर्राष्ट्रीय छात्रों को अगले सेशन में पूरी तरह से ऑनलाइन लेने से रोक दिया था भले ही उनके विश्वविद्यालयों को कोरोना प्रकोप के बीच पूरी तरह से ऑनलाइन करने के लिए मजबूर किया गया था.



नया आदेश शुक्रवार को जारी किया गया था
यह आदेश 9 मार्च से पहले की गाइडेंस के स्पष्टीकरण के रूप में जारी किया गया था जिससे अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए ऑनलाइन शिक्षा की मौजूदा सीमाओं को निलंबित कर दिया गया था. महामारी के दौरान देश भर के बंद स्कूलों के बीच मार्च की गाइडेंस का उद्देश्य फ्लैक्सिबिलिटी प्रदान करना था.

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अमेरिका के कॉलेज पहले से ही कोरोना महामारी और वीजा प्रक्रिया में आई सुस्ती के बीच विदेशों से आने वाले छात्रों की संख्या में बड़ी कमी आने की उम्मीद कर रहे हैं. इससे उन कॉलेजों को वित्तीय नुकसान पहुंचेगा जो अंतरराष्ट्रीय छात्रों से राजस्व पर भरोसा करते हैं और जो आमतौर पर उच्च ट्यूशन दरों का भुगतान करते हैं. अमेरिका में 2018-19 स्कूल वर्ष में लगभग 11 लाख अंतर्राष्ट्रीय छात्रों ने नामांकण कराया है. अमेरिकन काउंसिल ऑन एजुकेशन का अनुमान है कि इस वर्ष लगभग 250,000 अंतर्राष्ट्रीय छात्र अमेरिकी विश्वविद्यालयों में दाखिला लेंगे.
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