पाकिस्तान: PM इमरान खान ने 'दूध क्रांति' को लेकर दिया ऐसा बयान, Twitter पर होने लगे ट्रोल

पाकिस्तानी पीएम इमरान खान (फाइल फोटो)

पाकिस्तानी पीएम इमरान खान (फाइल फोटो)

पाकिस्तान (Pakistan) के प्रधानमंत्री इमरान खान ने हाल ही में 'दूध क्रांति' (Milk Revolution) को लेकर ऐसा बयान दिया है, जिसे लेकर उन पर तंज कसा जा रहा है.

  • Share this:

इस्लामाबाद. प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) के नए पाकिस्तान में जहां एक तरफ आर्थिक तंगी और बेरोजगारी को लेकर लोग परेशान हैं. वहीं इसे लेकर कुछ करने के बजाय इमरान खान चीन के भरोसे बैठे हुए नजर आ रहे हैं, जिसके कारण आए दिन पाकिस्तान में उनकी किरकिरी होती है. दरअसल, इमरान ने हाल ही में ‘दूध क्रांति’ (Milk Revolution) को लेकर ऐसा बयान दिया है, जिसे लेकर उन पर तंज कसा जा रहा है.

इमरान खान ने शुक्रवार को चीन (China) की मदद से कराची में तैयार किए गए 1,100 मेगावाट परमाणु प्लांट (Nuclear Plant) का उद्घाटन किया. इस दौरान इमरान ने अपने भाषण में दूध क्रांति का जिक्र करते हुए कहा, ‘अगर हम अपनी पैदावार को दोगुना कर दें. चीन का खासतौर पर दूध का उत्पादन अच्छा है. उनकी गायें हमारी गायों के मुकाबले पांच से छह गुना ज्यादा दूध देती हैं. ऐसे में हम सिर्फ चीन की टेक्नोलॉजी के ट्रांसफर से या इनकी तकनीक का प्रयोग करें, तो हम अपना उत्पादन भी डबल कर लेंगे. इस तरह पाकिस्तान पूरी तरह से ट्रांसफॉर्म हो सकता है.’

ट्विटर पर इमरान हुए ट्रोल

पाकिस्तानी पीएम के इस बयान के बाद ट्विटर पर उन्हें जमकर ट्रोल किया गया. पाकिस्तान की पत्रकार नायला इनायत ने इमरान के बयान की वीडियो को शेयर करते हुए लिखा, ‘सत्ता में तीन साल से हैं और अभी भी चीन की मदद से गाय के दूध की क्रांति का इंतजार कर रहे हैं.’ एक ट्विटर यूजर ने लिखा, ‘एक परमाणु प्लांट का उद्घाटन करते समय गायों के दूध के उत्पादन के बारे में बात करने के लिए नेता को बहुत ही ज्यादा विजन की जरूरत होती है.’ वहीं एक अन्य यूजर ने लिखा, ‘दूध, गाय, कट्टे, मुर्गियां- क्या यही नया पाकिस्तान है, जिसका वादा किया गया था.’


ये भी पढ़ें: पाकिस्तान: राज कपूर-दिलीप कुमार के पुश्तैनी घर बनेंगे म्यूजियम, सरकार ने जारी किए 2.30 करोड़ रुपए

कराची में परमाणु प्लांट का उद्घाटन



बता दें कि इमरान ने पाकिस्तान और चीन के 70 साल के राजनयिक रिश्तों के मौके पर कराची में परमाणु प्लांट का उद्घाटन किया. इस प्लांट को ‘कराची परमाणु ऊर्जा संयंत्र यूनिट-2 (के-2)’ के तौर पर जाना जाता है. के-2 प्लांट को चीन की मदद से तैयार किया गया है. प्रधानमंत्री के विशेष सहायक शाहबाज गिल के अनुसार, ये प्लांट 1,100 मेगावाट बिजली को तुरंत राष्ट्रीय ग्रिड में स्थानांतरित कर देगा. ये नया प्लांट जेनेरेशन-3 (जी3) टेक्नोलॉजी से लैस है जो कि मौजूदा समय में विश्व की सबसे आधुनिक तकनीकों में से एक है.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज