लाइव टीवी

नागरिकता संशोधन विधेयक पर बोले इमरान खान, 'मोदी शासन में भारत धीरे-धीरे हिंदू श्रेष्ठतावादी एजेंडे की ओर बढ़ रहा'

News18Hindi
Updated: December 12, 2019, 5:53 PM IST
नागरिकता संशोधन विधेयक पर बोले इमरान खान, 'मोदी शासन में भारत धीरे-धीरे हिंदू श्रेष्ठतावादी एजेंडे की ओर बढ़ रहा'
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने नागरिकता संशोधन विधेयक की आलोचना की है (फोटो- रॉयटर्स)

नागरिकता संशोधन विधेयक (CAB) का जिक्र करते हुए, पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) ने कहा है कि इस एजेंडे के साथ ही पाकिस्तान के लिए परमाणु खतरे (Nuclear Threat) का डर, दुनिया को बड़े पैमाने पर रक्तपात के खतरे की ओर बढ़ा रहा है. इसके दूरगामी परिणाम होंगे.

  • News18Hindi
  • Last Updated: December 12, 2019, 5:53 PM IST
  • Share this:
इस्लामाबाद. पाकिस्तानी प्रधानमंत्री (Pakistan's PM) इमरान खान (Imran Khan) ने गुरुवार को भारतीय सरकार (Indian Government) को धीरे-धीरे हिंदू श्रेष्ठतावादी एजेंडा (Hindu Supremacist Agenda) की ओर बढ़ाने का आरोप लगाया है और कहा है कि दुनिया को इस मामले में बहुत देर हो जाने से पहले ही दखल देना चाहिए.

अपने ट्वीट्स की सीरीज में, खान ने 'विवादास्पद' नागरिकता संशोधन विधेयक (Citizenship Amendment Bill) के बारे में अपनी बातें रखीं. यह बिला उन गैर-मुस्लिम शरणार्थियों (Non-Muslim Refugees) को जो पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से 2015 से पहले धार्मिक आधार पर शोषण के चलते भारत में आए हैं, उन्हें नागरिकता देने की बात करता है.

धीरे-धीरे हिंदू श्रेष्ठतावादी एजेंडे की ओर बढ़ रहा है भारत- इमरान खान
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान ने अपने ट्वीट में कहा, "भारत, मोदी (प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी) के नेतृत्व में धीरे-धीरे हिंदू श्रेष्ठतावादी एजेंडा (Hindu Supremacist Agenda) की ओर बढ़ रहा है."



पाकिस्तानी पीएम ने यह भी कहा कि यह एजेंडा, पाकिस्तान के ऊपर मंडराते परमाणु खतरों (Nuclear Threat) के साथ मिलकर, बड़े स्तर के खून-खराबे में बदल सकता है और इसके दूरगामी परिणाम हो सकते हैं. इमरान खान ने यह भी कहा कि इससे पहले कि बहुत देर हो जाए, इसके लिए दुनिया को आगे आना चाहिए.

'भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप के बजाए अपने अल्पसंख्यकों को सुरक्षा दे पाकिस्तान'
पाकिस्तान के इसके बारे में दिए बयान पर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा, "हर बार पाकिस्तान (Pakistan) के हमारे आंतरिक मामलों (Internal Matters) में की जाने वाली दखलअंदाजी का जवाब देना मुझे जरूरी नहीं लगता. पाकिस्तान को भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने के बजाए अपने देश में अल्पसंख्यकों (Minorities) को सुरक्षा देने की ओर ध्यान देना चाहिए."

यह भी पढ़ें: बांग्लादेश के दौरा रद्द करने पर भारत- CAB में सिर्फ मिलिट्री रूल पर उठाए सवाल

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए पाकिस्तान से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: December 12, 2019, 5:53 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर