भ्रष्टाचार के शेष दो मामलों में अदालत के समक्ष पेश हुए नवाज शरीफ

नवाज शरीफ को हाई सिक्योरिटी जेल से एक बख्तरबंद वाहन में जस्टिस अर्शद मलिक की अकाउंटबिलिटी कोर्ट में लाया गया.

भाषा
Updated: August 13, 2018, 2:28 PM IST
भ्रष्टाचार के शेष दो मामलों में अदालत के समक्ष पेश हुए नवाज शरीफ
फाइल फोटो
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Updated: August 13, 2018, 2:28 PM IST
पाकिस्तान के अपदस्थ प्रधानमंत्री नवाज शरीफ अपने परिवार के खिलाफ दर्ज भ्रष्टाचार के मामलों में सुनवाई के लिए सोमवार को अकाउंटबिलिटी कोर्ट के समक्ष पेश हुए. शरीफ के जेल जाने के बाद से यह पहली बार है जब वह भ्रष्टाचार के शेष दो मामलों में किसी अदालत के समक्ष पेश हुए.

68 वर्षीय शरीफ उनकी 44 वर्षीय बेटी मरियम और दामाद कैप्टन (सेवानिवृत) मुहम्मद सफदर पहले से ही रावलपिंडी के अडियाला जेल में क्रमश: 10 साल, सात साल और एक साल कैद की सजा काट रहे हैं. लंदन में चार आलीशन फ्लैटों पर उनके परिवार के स्वामित्व को लेकर एक अकाउंटबिलिटी कोर्ट ने छह जुलाई को उन्हें दोषी ठहराया था.

सोमवार को शरीफ को हाई सिक्योरिटी जेल से एक बख्तरबंद वाहन में जस्टिस अर्शद मलिक की अकाउंटबिलिटी कोर्ट में लाया गया. मलिक भ्रष्टाचार के दो शेष मामलों- अल-अजीजिया स्टील मिल्स और हिल मेटल इस्टेब्लिशमेंट मामले की सुनवाई कर रहे हैं.

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सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए और अधिकारियों ने अदालत परिसर में गैरजरूरी लोगों के प्रवेश को प्रतिबंधित रखा. यहां तक की मीडिया को भी अदालत परिसर में प्रवेश की अनुमति नहीं थी.

शरीफ और उनके दो बेटों के खिलाफ भ्रष्टाचार के लंबित मामलों को शरीफ के आवेदन पर इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने सात अगस्त को जस्टिस मलिक की अध्यक्षता वाली दूसरी अकाउंटबिलिटी कोर्ट को स्थानांतरित कर दिया था.

पिछले साल 28 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद शरीफ और उनके परिवार के खिलाफ उसी साल भ्रष्टाचार के तीन मामले दर्ज किए गए. शरीफ परिवार के खिलाफ औपचारिक मुकदमा 14 सितंबर को शुरू हुआ और छह महीने के भीतर सुनवाई पूरी होनी थी लेकिन अंतिम तारीख तीन बार बढ़ाई गई.

शरीफ के अलावा उनके दो बेटे- हसन और हुसैन भी भ्रष्टाचार के सभी तीन मामलों में सह आरोपी हैं.अदालत पहले ही नवाज के दोनों बेटों को उसके समक्ष पेश नहीं होने को लेकर भगोड़ा करार दे चुकी है. अधिकारियों ने उन्हें काली सूची में डाल दिया है जो उनके पाकिस्तानी पासपोर्ट पर उन्हें यात्रा करने देने से रोकती है.

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