Home /News /world /

शुक्रवार को PoK के बारे में बड़ा फैसला ले सकते हैं इमरान खान

शुक्रवार को PoK के बारे में बड़ा फैसला ले सकते हैं इमरान खान

पाकिस्तानी पीएम इमरान खान कश्मीर के मुद्दे पर शुक्रवार को नीतिगत बयान दे सकते हैं (फाइल फोटो)

पाकिस्तानी पीएम इमरान खान कश्मीर के मुद्दे पर शुक्रवार को नीतिगत बयान दे सकते हैं (फाइल फोटो)

पाकिस्तान (Pakistan) ने गुरुवार को कहा कि प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) शुक्रवार को पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) की राजधानी मुजफ्फराबाद (Muzaffarabad) में सार्वजनिक संबोधन के दौरान कश्मीर (पाक के कब्जे वाले) को लेकर ‘नीतिगत बयान’ देंगे.

अधिक पढ़ें ...
    इस्लामाबाद. पाकिस्तान (Pakistan) ने गुरुवार को कहा कि प्रधानमंत्री इमरान खान (Imran Khan) शुक्रवार को पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) की राजधानी मुजफ्फराबाद (Muzaffarabad) में सार्वजनिक संबोधन के दौरान कश्मीर (पाक के कब्जे वाले) को लेकर ‘नीतिगत बयान’ देंगे.

    गुरुवार को साप्ताहिक संवाददाता सम्मेलन के दौरान विदेश कार्यालय प्रवक्ता मोहम्मद फैसल ने कहा कि पाकिस्तान (Pakistan) किसी भी तीसरे पक्ष की मध्यस्थता (Mediation) के लिए तैयार है और इस मामले की वैधता अंतरराष्ट्रीय कानून पर आधारित है.

    'हम चाहते मध्यस्थता, भारत तैयार नहीं'
    मोहम्मद फैसल ने कहा, ‘‘ मध्यस्थता की पेशकश (कश्मीर पर) मौजूद है लेकिन भारत तैयार नहीं है. हम इसके लिए तैयार हैं. हमारा ठोस विचार यह है कि सभी समस्याओं को बातचीत के जरिए सुलझाया जा सकता है.’’

    फैसल ने कहा कि शुक्रवार प्रधानमंत्री इमरान खान मुजफ्फराबाद में अपने संबोधन में ‘कश्मीर पर नीतिगत बयान’ (Policy Statement) देंगे.

    'कश्मीर संघर्ष एक प्रक्रिया, घटनाक्रम नहीं'
    भारत, कश्मीर को भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय मामला (Bilateral Issue) मानता है और इसमें तीसरे पक्ष की कोई भूमिका नहीं है. नई दिल्ली ने पाकिस्तान को यह स्पष्ट कर दिया है कि सीमा पार से हमले और बातचीत साथ-साथ नहीं चल सकते हैं.

    पाकिस्तान के विदेश कार्यालय ने कहा, ‘‘ कश्मीर संघर्ष एक प्रक्रिया है, घटनाक्रम नहीं है. हमने कुछ कदम उठाए हैं और इसके बाद कुछ और भी कदम उठाए जाएंगे.’’

    'UNHRC प्रमुख का बयान दिखाता है बढ़ रही चिंता'
    एक प्रश्न के जवाब में उन्होंने कहा कि कश्मीर मामले की वैधता अंतरराष्ट्रीय कानून के आधार पर है. उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (UNHRC) के प्रमुख का बयान कश्मीर को लेकर अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ‘बढ़ रही चिंता’ को दिखाता है.

    यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब भारत और पाकिस्तान के बीच मंगलवार को यूएनएचआरसी में वाक् युद्ध देखने को मिला. भारत का कहना था कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के ज्यादातर प्रावधानों को खत्म करना ‘संप्रभु फैसला’ है.

    'पाकिस्तान कश्मीरी लोगों के लिए हर मंच से उठाएगा आवाज'
    इसी बीच विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी (Shah Mehmood Qureshi) ने कहा कि पाकिस्तान कश्मीरी लोगों के लिए हर मंच पर आवाज उठाता रहेगा. वह जिनेवा की तीन दिवसीय यात्रा से लौटने के बाद इस्लामाबाद हवाई अड्डे पर बोल रहे थे. उन्होंने जिनेवा में यूएनएचआरसी को कश्मीर में मानवाधिकार स्थितियों की जानकारी दी.

    उन्होंने कहा कि कश्मीर के लोग आत्मनिर्णय के अपने अधिकार की लड़ाई में अकेले नहीं हैं. पाकिस्तान उन्हें नैतिक, राजनैतिक और राजनयिक सहायता पहुंचाता रहेगा.

    भारत ने पांच अगस्त को जम्मू-कश्मीर को विशेष राज्य (Special Status) का दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 (Article 370) के ज्यादातर प्रावधानों को समाप्त कर दिया था. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा हुआ है.

    यह भी पढ़ें: कश्‍मीर पर पाकिस्‍तान ने मानी हार, कहा - दुनिया को साथ नहीं ला पाई इमरान सरकार

    Tags: Imran khan, Jammu and kashmir, Kashmir, Pakistan

    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर