फिलिपीन्स ने दी धमकी-अपने देश से चीनी राजनयिक को बाहर निकाल देंगे

फिलिपीन्स ने ये धमकी दक्षिणी चीन सागर विवाद को लेकर दी है. (तस्वीर-ANI)

फिलिपीन्स ने ये धमकी दक्षिणी चीन सागर विवाद को लेकर दी है. (तस्वीर-ANI)

फिलिपीन्स (Philippines) ने कहा है कि वो चीनी राजनयिक को देश से निर्वासित कर सकता है. इसके साथ दक्षिण चीन सागर में एक और विवाद की आहट सुनाई देने लगी है.

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मनीला. दक्षिणी चीन सागर संबंधी विवाद (South China Sea Dispute) के मसले पर फिलिपीन्स ने चीन को खुली धमकी दी है. फिलिपीन्स ने कहा है कि वो चीनी राजनयिक को देश से निर्वासित कर सकता है. इसके साथ दक्षिण चीन सागर में एक और विवाद की आहट सुनाई देने लगी है. दरअसल जापान के साथ सीमा विवाद के बीच चीन ने एक और गतिरोध पैदा कर दिया है. उसने सभी देशों के सामुहिक इस्तेमाल वाले किनारे पर बड़ी संख्या में मछली पकड़ने वाली नौकाओं के झुंड तैनात कर दिए हैं. ये जगह फिलिपीन्स की समुद्री सीमा से बिल्कुल लगती हुई है. चीन इस इलाके पर दावा ठोंकता रहा है. अब इस मामले पर विवाद गहराता जा रहा है.

सिडनी मॉर्निंग हेराल्ड में प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक फिलिपीन्स इस नौकाओं की मौजूदगी पर बीते 15 दिनों से आवाज उठा रहा है. अब फिलिपीन्स के फॉरेन अफेयर्स सेक्रेटरी टेली लॉसिन ने कहा कि नौकाओं को तुरंत हटाया जाना चाहिए. करीब एक सप्ताह पहले भी फिलिपीन्स सरकार ने कहा था कि विवादित दक्षिण चीन सागर में उसके दावे वाले द्वीपों एवं प्रवाल भित्तियों के पास मिलिशिया द्वारा संचालित 250 से अधिक चीनी जहाज देखे गये हैं. उसने चीन से इन जहाजों को तत्काल वहां से हटाने की मांग की थी.

गहरा सकता है विवाद
विवादित समुद्री सीमा पर नजर रखने वाली एक सरकारी संस्था ने कहा है कि चीन की नौसेना के चार पोतों सहित चीनी ध्वज युक्त जहाजों का चीन के कब्जे वाले मानवनिर्मित द्वीप पर जमावड़ा लगना नौवहन एवं समुद्री जीवन की सुरक्षा के लिए घातक है और इससे प्रवाल भित्तियों को खतरा पहुंच सकता है. साथ ही यह फिलीपीन के संप्रभुता वाले अधिकारों के लिए भी खतरा है.
चीन ने कहा-ये क्षेत्र है उसका


चीन ने कहा था कि संबंधित समुद्री क्षेत्र उसका है और चीनी जहाज खराब समुद्री स्थिति से बचने के लिए वहां टिके हैं. वायु और समुद्री दल द्वारा गश्ती के बाद फिलीपीन अधिकारियों ने कहा कि व्हाइटसन भित्ति के पास अब भी चीनी ‘समुद्री मिलिशिया’ के 44 जहाज हैं.
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