लाइव टीवी

जयशंकर ने कहा, जम्‍मू-कश्‍मीर में विकास शुरू होते ही ध्‍वस्‍त हो जाएगी पाकिस्‍तान की 70 साल पुरानी योजना

News18Hindi
Updated: October 2, 2019, 9:23 AM IST
जयशंकर ने कहा, जम्‍मू-कश्‍मीर में विकास शुरू होते ही ध्‍वस्‍त हो जाएगी पाकिस्‍तान की 70 साल पुरानी योजना
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा, सरकार चाहती है कि भारत विरोधी ताकतें विकास कार्य (Development) शुरू होने पर कश्‍मीर के लोगों को बरगलाने या भड़काने के लिए सोशल मीडिया को हथियार नहीं बना पाएं.

विदेश मंत्री एस. जयशंकर (S. Jaishankar) ने अमेरिका के शीर्ष थिंक टैंक (US Top Think tank) सेंटर फॉर स्‍ट्रैटजिक एंड इंटरनेशन स्‍टडीज में अपनी विदेश नीति (Foreign Policy) को लेकर दिए भाषण के बाद एक सवाल पर कहा, कश्‍मीर घाटी (Kashmir Valley) में ज्‍यादातर पाबंदियां (Restrictions) एहतियातन लगाई गई हैं. सरकार ने कश्‍मीर घाटी को लेकर पिछले अनुभवों को ध्‍यान में रखते हुए सभी एहतियात बरती हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 2, 2019, 9:23 AM IST
  • Share this:
वाशिंगटन. केंद्रीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर (S. Jaishankar) ने कहा कि जम्‍मू-कश्‍मीर (Jammu-Kashmir) में विकास कार्य शुरू होते ही घाटी को लेकर पाकिस्‍तान (Pakistan) की 70 साल पुरानी योजना पूरी तरह ध्‍वस्‍त हो जाएगी. उन्‍होंने अमेरिका के एक शीर्ष थिंक टैंक (US Top Think tank) को बताया कि अनुच्‍छेद-370 (Article-370) हटाए जाने के बाद कश्‍मीर घाटी में इंटरनेट (Internet) और सोशल मीडिया (Social Media) पर एहतियान पाबंदी लगाई गई है ताकि आतंकी संगठन (Terrorist Outfits) या शरारती तत्‍व उसका गलत इस्‍तेमाल नहीं कर पाएं. जम्‍मू-कश्‍मीर में लगाई गई पाबंदियों (Restrictions) का मकसद आम कश्‍मीरियों की सुरक्षा ही है.

'दशकों से बनी यथास्थिति में बदलाव के दौरान जोखिम होता ही है'
जयशंकर ने अमेरिका के शीर्ष थिंक टैंक सेंटर फॉर स्‍ट्रैटजिक एंड इंटरनेशनल स्‍टडीज में अपनी विदेश नीति (Foreign Policy) को लेकर दिए भाषण के बाद कश्‍मीर को लेकर पूछे गए एक सवाल पर कहा कि किसी भी मामले में दशकों से बनी हुई यथास्थिति को बदलने के दौरान थोड़ा जोखिम बना ही रहता है. इस बदलाव से जुड़े लोगों की ओर से तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं आती हैं. कश्‍मीर से भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं आ रही हैं. कुछ लोग 70 साल से इस मुद्दे का फायदा उठाने की कोशिश कर रहे थे. कुछ स्‍थानीय लोगों के हित भी कश्‍मीर में यथास्थिति बने रहने से जुड़े थे. सरकार चाहती है कि भारत विरोधी ताकतें विकास कार्य (Development) शुरू होने पर कश्‍मीर के लोगों को बरगलाने या भड़काने के लिए सोशल मीडिया को हथियार नहीं बना पाएं.

'पाबंदियां लगाने के पीछे सरकार का मकसद और नीयत है साफ'

जयशंकर ने वाशिंगटन में कहा कि ज्‍यादातर पाबंदियां इसलिए लगाई गई है ताकि लोगों के जानमाल का नुकसान नहीं हो. सरकार ने कश्‍मीर घाटी (Kashmir Valley) को लेकर पिछले अनुभवों को ध्‍यान में रखते हुए सभी एहतियात बरती हैं. अगर आप ध्‍यान देंगे तो पता चलेगा कि घाटी में 2016 में इंटरनेट और सोशल मीडिया का लोगों को भड़काने के लिए किस तरह इस्‍तेमाल किया गया. ऐसे में यह संभव नहीं कि इतना बड़ा फैसला लेने के बाद हम भारत विरोधी तत्‍वों को इंटरनेट और सोशल मीडिया का इस्‍तेमाल करने की छूट दे पाएं. यहां मैं कश्‍मीर के लोगों की चुनौतियों को कम बताने का प्रयास नहीं कर रहा हूं. मैं बताने की कोशिश कर रहा हूं कि पाबंदियों के पीछे हमारा मकसद और नीयत साफ है.

जम्‍मू-कश्‍मीर के राज्‍यपाल ने भी सूबे में विकास पर दिया था जोर
विदेश मंत्री ने कहा कि जम्‍मू-कश्‍मीर में विकास की रफ्तार बढ़ने के साथ ही पाकिस्‍तान की 70 साल से बनाई गई योजनाएं शून्‍य में तब्‍दील हो जाएंगी. बता दें कि पाकिस्‍तान के प्रधानमंत्री इमरान खान (PM Imran Khan) ने पाक अधिकृत कश्‍मीर (PoK) के मुजफ्फराबाद में हुई एक रैली में कहा था, 'मैं जानता हूं कि यहां के युवा नियंत्रण रेखा पर जाना चाहते हैं. अभी इसका सही समय नहीं आया है. मेरे इशारे का इंतजार करें.' इस पर पलटवार करते हुए जम्‍मू-कश्‍मीर के गवर्नर सत्‍यपाल मलिक (Satyapal Malik) ने कहा था कि अगर हम जम्‍मू-कश्‍मीर को विकास की राह पर ले जाते हैं तो जल्‍द ही पाक अधिकृत कश्‍मीर (PoK) के लोग भी भारत में शामिल होने की कोशिश शुरू कर देंगे. साथ ही इमरान पर तंज कसते हुए कहा कि उनके इशारे पर कोई यहां नहीं आने वाला है.
Loading...

ये भी पढ़ें:

देशद्रोह के मुकदमे में बापू ने कहा, 'हां मैं अपराधी हूं', जज ने झुका दिया सिर

अयोध्या: SC ने पूछा- ज्योतिष में श्रीराम के जन्म को लेकर भी कुछ कहा गया है?

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए दुनिया से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: October 2, 2019, 8:54 AM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...