सऊदी में बवाल! प्रिंस सलमान ने शाही परिवार के दो सदस्य और कई अधिकारी बर्खास्त किए

सऊदी में बवाल! प्रिंस सलमान ने शाही परिवार के दो सदस्य और कई अधिकारी बर्खास्त किए
सऊदी अरब के शाही परिवार में फिर बवाल

Crown Prince bin salman sacks 2 royals: सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने एक कड़ा कदम उठाते हुए शाही परिवार के दो सदस्यों समेत कई अधिकारियों को उनके पदों से हटा दिया है. इन सभी पर रक्षा समझौतों में करप्शन करने का आरोप लगाया गया है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: September 1, 2020, 9:59 AM IST
  • Share this:
रियाद. सऊदी अरब (Saudi Arabia) में एक बार फिर उथल-पुथल शुरू हो गयी है. क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (Crown Prince Mohammed bin Salman) के फैसले के बाद सऊदी अरब में शाही परिवार के दो सदस्यों समेत कई अधिकारियों को उनके पद से हटा दिया गया है. एक शाही फ़ैसले में कहा गया है कि सऊदी के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने राजकुमार फ़हाद बिन तुर्की (Prince Fahd bin Turki bin Abdulaziz Al Saud) को बर्ख़ास्त कर दिया है. बता दें कि राजकुमार फ़हाद बिन सलमान यमन में सऊदी की अगुआई वाले सैन्यबलों के कमांडर थे.

ऐसा बताय जा रहा है कि सऊदी अरब के शासक और सर्वेसर्वा माने जाने वाले क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने सरकार में व्याप्त कथित भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ मुहिम छेड़ दी है. फ़हाद बिन तुर्की के बेटे अब्दुल अज़ीज़ फ़हाद (Prince Abdulaziz bin Fahd) को भी डिप्टी गवर्नर के पद से हटा दिया गया है. सऊदी रक्षा मंत्रालय के एक सार्वजनिक आदेश में कहा गया है कि शाही परिवार के इन दो सदस्यों ने चार अधिकारियों के साथ मिलकर 'संदिग्ध आर्थिक लेनदेन' किया है, जिसके लिए उनकी जांच होगी.

सत्ता बचाने में लगे हैं सलमान!
बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक बीते 3 सालों से सरकार और शासन में मौजूद अपने विरोधियों को साफ़ करने की मुहिम छेड़े हुए हैं. शाही परिवार के इन लोगों की गिरफ़्तारी का असली मक़सद राजकुमार सलमान की सत्ता के रास्ते में खड़ी अड़चनों को हटाना है. इससे पहले क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन नायेफ़ के छोटे भाई प्रिंस अहमद बिन अब्दुल अज़ीज़ को गिरफ़्तार किए जाने की ख़बरें भी सामने आयीं थीं. बिन सलमान पर कई स्कैंडल्स और षड्यंत्रों में शामिल होने के आरोप भी लगते रहे हैं जिनमें पत्रकार जमाल खाशोज्जी की हत्या सबसे प्रमुख है. सऊदी के पत्रकार और सरकार के मुखर आलोचक रहे खाशोज्जी की इस्तांबुल स्थित सऊदी के वाणिज्य दूतावास में हत्या कर दी गई थी. प्रिंस सलमान की यमन में जारी युद्ध में सरकार समर्थक सैन्य बलों का साथ देने के लिए भी आलोचना होती है.
बता दें कि साल 2017 में शाही परिवार के दर्जनों सदस्यों, मंत्रियों और कारोबारियों को रियाद के रिट्ज़-कार्लटन होटल में हिरासत में ले लिया गया था. इनमें से ज़्यादातर को रिहा कर दिया गया था लेकिन इसके बदले उन्हें सऊदी सरकार से 106.7 बिलियन डॉलर का समझौता करना पड़ा था. साल 2016 में सत्ता में आने के बाद 35 वर्षीय क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने रूढ़िवादी सऊदी अरब में प्रगतिशील समझे जाने वाले कई सामाजिक और आर्थिक फ़ैसले लिए, जिसके लिए उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज