होम /न्यूज /दुनिया /Afghanistan: तालिबान ने छात्राओं के लिए बंद किए स्‍कूल तो अमेरिका ने रद्द की वार्ता

Afghanistan: तालिबान ने छात्राओं के लिए बंद किए स्‍कूल तो अमेरिका ने रद्द की वार्ता

तालिबान ने छात्राओं के लिए बंद किए स्‍कूल. (Pic- AP)

तालिबान ने छात्राओं के लिए बंद किए स्‍कूल. (Pic- AP)

Taliban: अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने तालिबान के नेताओं से स्कूल खोलने और महिलाओं को सार्वजनिक स्थानों पर जाने का उनका अधिका ...अधिक पढ़ें

वॉशिंगटन. तालिबान (Taliban) ने अफगानिस्‍तान (Afghanistan) में सरकार बनाने के बाद एक बार फिर लड़कियों की शिक्षा के खिलाफ काम करना शुरू कर दिया है. इसके तहत उसने छठी कक्षा से ऊपर की कक्षाओं में पढ़ने वाली छात्राओं के लिए स्‍कूल (Girls Schools in Afghanistan) नहीं खोले जाने का फैसला लिया है. उसके इस फैसले के खिलाफ अंतरराष्‍ट्रीय समुदाय ने आवाज उठाई है. वहीं उसके इस फैसले से नाराज अमेरिका (United States) ने दोहा में तालिबान से होने वाली बैठकों को रद्द कर दिया है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार यह जानकारी अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता ने शुक्रवार को दी है.

अपने इस फैसले के साथ ही तालिबान ने लड़कियों को उच्च शिक्षा देने के अपने वादे को तोड़ दिया है. तालिबान के एक अधिकारी ने इस अप्रत्याशित निर्णय की पुष्टि की है. इस फैसले के बाद संभावित अंतरराष्ट्रीय दानदाताओं से मान्यता हासिल करने के तालिबान के प्रयासों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना है. तालिबान ने यह कदम ऐसे समय में उठाया है जब अफगानिस्तान बदतर मानवीय संकट से गुजर रहा है.

अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने तालिबान के नेताओं से स्कूल खोलने और महिलाओं को सार्वजनिक स्थानों पर जाने का उनका अधिकार प्रदान करने का आग्रह किया है. सहायता संगठनों ने कहा कि इस कदम ने अफगानिस्तान के भविष्य के बारे में अनिश्चितता को बढ़ा दिया है.

अमेरिका के विशेष प्रतिनिधि थॉमस वेस्ट ने ट्वीट किया कि फैसले को लेकर ‘स्तब्ध और बेहद निराश हूं.’ वेस्ट ने इसे अफगानिस्तान की जनता और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से किए गए वादे से मुकरना करार दिया है. उन्होंने कहा कि तालिबान ने यह स्पष्ट किया था कि सभी अफगानों को शिक्षा प्राप्त करने का अधिकार है. वेस्ट ने कहा, ‘देश के भविष्य और अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ इसके संबंधों की खातिर मैं तालिबान से आग्रह करता हूं कि वह लोगों से किया गया अपना वादा पूरा करे.’

तालिबान ने पहले अंतरराष्ट्रीय समुदाय के समक्ष संकल्प जताया था कि वे महिलाओं और लड़कियों के अधिकारों में कटौती नहीं करेंगे. तालिबान के एक अधिकारी ने बुधवार को इस कदम की पुष्टि की थी कि छठी से ऊपर की कक्षाओं में लड़कियां नहीं पढ़ेंगी. अफगानिस्तान में नये शैक्षणिक सत्र की शुरुआत से पहले तालिबान द्वारा ये फैसला लिया गया है.

Tags: Afghanistan, Taliban, United States (US)

टॉप स्टोरीज
अधिक पढ़ें