Shayari: 'न हो निगाह में शोख़ी तो दिलबरी क्या है', मुहब्‍बत से लबरेज़ अशआर...

Shayari: शायरी में दिल की बात लबों पर आती है. या कहें कि शायरी हाले-दिल बयां करने का एक खूबसूरत ज़रिया है. शेरो-सुख़न (Shayari) की इस दुनिया में हर जज्‍़बात को बेहद ख़ूबसूरती के साथ काग़ज़ पर उकेरा गया है. बात चाहे इश्‍क़ो-मुहब्‍बत (Love) की हो या इंसानी जिंदगी से जुड़े किसी और मसले पर क़लम उठाई गई हो. शायरी में हर जज्‍़बात (Emotion) को ख़ूबसूरती के साथ तवज्‍जो मिली है. यहां दर्द को भी दिलकश अल्‍फ़ाज़ में पिरोया गया है, तो जुदाई के लम्‍हात को भी पूरी तवज्‍जो दी गई है और खूबसूरती से पेश किया गया है.

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