कांग्रेस को ना ना ना ना रे बोल बीजेपी में शामिल हुए दलेर मेहंदी, कभी चलाते थे टैक्सी

वैसे यह बात बहुत कम लोग ही जानते हैं कि पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री में आने से पहले दलेर मेहंदी न्यूयॉर्क में टैक्सी चलाया करते थे.

News18Hindi
Updated: April 26, 2019, 6:44 PM IST
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पंजाबी के मशहूर पॉप गायक दलेर मेहंदी बीजेपी में शामिल हो गए हैं. पिछले साल मार्च में उन्हें पटियाला कोर्ट ने 2 साल की सजा सुनाई थी. हालांकि सजा मिलने के कुछ मिनट बाद ही उन्हें बेल भी मिल गई थी. उनपर कबूतरबाजी के सिलसिले में यह सजा सुनाई गई थी. 19 सितंबर, 2003 में उनपर गैरकानूनी ढंग के लोगों को विदेश भेजने के आरोप में मामला दर्ज हुआ था. इस मामले में उनके भाई शमशेर मेहंदी के खिलाफ भी FIR दर्ज की गई थी.

दलेर मेंहदी 1995 में अपने पहले एल्बम बोलो 'ता रा रा रा' के आते ही छा गए थे. फिर 1997 में उनका गाना आया 'ना ना ना ना ना रे ना रे ना'. ये गाने दशकों तक लोगों की जुबान पर छाए रहे.



क्या था पूरा मामला?
बख्शीश सिंह नाम के एक शख्स ने दलेर पर केस दर्ज करवाया था. उसका आरोप था कि दलेर लोगों को विदेश भेजने के लिए मोटी रकम ऐंठते थे. उसने आरोप लगाया था कि दलेर ने 3 लड़कियों सहित 10 लोगों को अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को शहर भेजा है.

बख्शीश सिंह का आरोप था कि दलेर ने उनसे विदेश भेजने के लिए पैसे लिए थे लेकिन उसे विदेश नहीं भेजा और पैसे चट कर गए. दलेर पर लगे आरोपों के अनुसार, दलेर जब विदेशों में शो करने जाते तो अपने साथ कई सिंगरों को विदेश ले जाते. पुलिस ने अपनी जांच में पाया कि यह धंधा 1998 से जारी था. जिसके बाद दलेर को अरेस्ट कर लिया गया. दलेर मेहंदी के बड़े भाई शमशेर भी इस मामले में आरोपी रहे.

कबूतरबाजी क्या होता है?
कबूतरबाजी का मतलब होता है किसी इंसान को गैरकानूनी तरीके से एक देश से दूसरे देश भेजना. कानूनी भाषा में इसे मानव तस्करी कह सकते हैं.
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वैसे यह बात बहुत कम लोग ही जानते हैं कि पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री में आने से पहले दलेर मेहंदी न्यूयॉर्क में टैक्सी चलाया करते थे.

पहले कांग्रेस में भी रह चुके हैं दलेर 
वैसे ऐसा पहली बार नहीं है कि दलेर कोई राजनीतिक दल ज्वाइन कर रहे हैं. वे इससे पहले 6 सितंबर, 2013 को कांग्रेस ज्वाइन कर चुके हैं. दलेर के साथ ही राम सिंह नेताजी और आसिफ मोहम्मद, इन दो नेताओं ने भी कांग्रेस ज्वाइन की थी.

जब यशराज फिल्म्स पर कर दिया था केस
वैसे दलेर मेहंदी ने एक बड़ा बवाल तब भी खड़ा किया था जब उन्होंने यशराज फिल्म्स पर केस कर दिया था. यह केस झूम बराबर झूम फिल्म के ट्राइटल ट्रैक को लेकर किया गया था. दलेर का आरोप था कि यशराज ने गाने में उनकी जगह शंकर महादेवन की आवाज डाल दी. बाद में जब यशराज ने कहा कि अमिताभ ऐसा ही चाहते थे तो दलेर ने कहा कि ऐसा हो ही नहीं सकता. दरअसल ना ना ना ना ना रे ना रे ना गाना उन्होंने अमिताभ की फिल्म 'मृत्युदाता' के लिए ही गाया था. जिसने आज भी अपनी चमक नहीं खोई है.

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