जिम्बाब्वे के नाम दर्ज हुआ 'शर्मनाक' वर्ल्ड रिकॉर्ड! तिलक और पांड्या की आतिशबाजी से दहली चेन्नई
Zimbabwe becomes first team in the world to concede 250+ runs in successive T20I innings: चेपॉक के मैदान पर टीम इंडिया ने अपनी बल्लेबाजी से गदर मचाया. जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 वर्ल्ड कप सुपर 8 में 256/4 का विशाल स्कोर खड़ा कर भारत ने न केवल टूर्नामेंट का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर बनाया, बल्कि विपक्षी टीम के नाम एक बेहद शर्मनाक रिकॉर्ड भी दर्ज कर दिया. जिम्बाब्वे अब दुनिया की पहली ऐसी टीम बन गई है, जिसने लगातार दो टी20 इंटरनेशनल मैचों में 250+ रन लुटाए हैं. अभिषेक शर्मा की तूफानी फिफ्टी और हार्दिक पांड्या के आखिरी गेंद पर जड़े छक्के ने जिम्बाब्वे को सेमीफाइनल की रेस से बाहर कर दिया है. अब 1 मार्च को भारत और वेस्टइंडीज के बीच कोलकाता में होने वाला महामुकाबला एक 'वर्चुअल नॉकआउट' बन चुका है.
नई दिल्ली. चेपॉक का ऐतिहासिक मैदान और टी20 वर्ल्ड कप 2026 का सुपर-8 मुकाबला. एक ओर टीम इंडिया अपनी धाक जमाने उतरी थी, तो दूसरी तरफ जिम्बाब्वे के लिए यह अस्तित्व की लड़ाई थी. लेकिन इस मैच के खत्म होते-होते जिम्बाब्वे के नाम एक ऐसा शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज हो गया, जिसे कोई भी टीम कभी याद नहीं रखना चाहेगी. जिम्बाब्वे दुनिया की पहली ऐसी टीम बन गई है जिसने लगातार दो टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में विपक्षी टीम को 250 से अधिक रन बनाने का मौका दिया.
टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का सिकंदर रजा का फैसला आत्मघाती साबित हुआ. भारतीय ओपनर अभिषेक शर्मा ने शुरुआत से ही जिम्बाब्वे के गेंदबाजों को निशाने पर लिया. दुनिया के नंबर-1 टी20 बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने मात्र 30 गेंदों में 55 रनों की पारी खेली, जिसमें 4 चौके और 4 गगनचुंबी छक्के शामिल थे. उनके आउट होने के बाद सूर्यकुमार यादव ने 12 गेंदों में 33 रनों की तूफानी पारी खेलकर रन गति को कम नहीं होने दिया.
जिम्बाब्वे ने शर्मनाक रिकॉर्ड अपने नाम किया.
पारी के अंत में तिलक वर्मा (16 गेंदों में नाबाद 44) और हार्दिक पांड्या (23 गेंदों में 50) ने तबाही मचा दी. हार्दिक ने पारी की आखिरी गेंद पर ब्रैड इवांस को छक्का जड़कर न केवल अपना अर्धशतक पूरा किया, बल्कि भारत का स्कोर 256/4 तक पहुंचा दिया. यह टी20 वर्ल्ड कप इतिहास में भारत का अब तक का सबसे बड़ा स्कोर है.
जिम्बाब्वे का शर्मनाक रिकॉर्ड
जिम्बाब्वे के लिए यह जख्म इसलिए गहरा है क्योंकि ठीक चार दिन पहले, 23 फरवरी को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में वेस्टइंडीज ने उनके खिलाफ 254/6 का विशाल स्कोर बनाया था. लगातार दो मैचों में 250+ रन लुटाना किसी भी गेंदबाजी आक्रमण के लिए एक बुरा सपना है. जिम्बाब्वे के गेंदबाज चेन्नई की सपाट पिच और भारतीय बल्लेबाजों की आक्रामकता के सामने पूरी तरह असहाय नजर आए.
सेमीफाइनल का समीकरण और भारत-वेस्टइंडीज की जंग
भारत द्वारा दिए गए 257 रनों के लक्ष्य (256/4) का पीछा करना जिम्बाब्वे के लिए लगभग नामुमकिन है. इस हार के साथ ही जिम्बाब्वे सेमीफाइनल की दौड़ से आधिकारिक तौर पर बाहर हो जाएगा. लेकिन इस नतीजे ने टूर्नामेंट के रोमांच को चरम पर पहुंचा दिया है. अब 1 मार्च को कोलकाता के ईडन गार्डन्स में होने वाला भारत बनाम वेस्टइंडीज मुकाबला एक ‘वर्चुअल नॉकआउट’ बन गया है. सुपर-8 के ग्रुप-1 से जो भी टीम यह मैच जीतेगी, वह सीधे सेमीफाइनल का टिकट कटा लेगी. भारतीय फैंस के लिए यह खुशी की बात है कि उनकी टीम सही समय पर अपनी सर्वश्रेष्ठ फॉर्म में लौट आई है.
