मैं बाथरूम में जाकर रोता था, टीम इंडिया से बाहर हुए राहुल द्रविड़ के चहेते ने बताया दिल का दर्द
Riyan Parag says cried in bathroom: इंडियन प्रीमियर लीग में राजस्थान रॉयल्स की कप्तानी करने वाले रियान पराग ने चोट के कारण टीम इंडिया से बाहर होने पर दुख जताया, लेकिन भरोसा जताया कि फिट होकर वापसी करेंगे. उन्होंने अपने संघर्ष और आत्मविश्वास के बारे में खुलकर बात की.
नई दिल्ली. भारतीय टीम के युवा ऑलराउंडर रियान पराग ने वनडे और टी20 टीम से बाहर होने को लेकर बात की है. उन्होंने माना कि यह झटका उनके लिए मुश्किल था, लेकिन हार नहीं मानी. हाल ही में कंधे की चोट से पूरी तरह फिट होने के बाद पराग ने कहा कि उन्हें भरोसा है कि अगर उन्हें लगातार खेलने का मौका मिला तो वह फिर से टीम इंडिया में जगह बना सकते हैं.
पराग ने पिछले साल भारतीय टीम में जगह बनाई थी. उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 इंटरनेशनल में डेब्यू किया था और इसके बाद श्रीलंका सीरीज के लिए वनडे टीम में भी चुने गए थे, जहां उन्होंने खेला भी. वनडे डेब्यू में उन्होंने गेंद से शानदार प्रदर्शन करते हुए तीन विकेट लिए, लेकिन बल्लेबाजी में वह उतना प्रभाव नहीं छोड़ सके और सिर्फ 15 रन ही बना पाए. पराग ने भारत के लिए अपने छोटे से सफर पर बात करते हुए कहा कि वह अपनी परफॉर्मेंस को अच्छा मानते हैं और उन्हें लगता है कि चोट की वजह से उनकी जगह गई, न कि फॉर्म की वजह से. उन्होंने भरोसा जताया कि पूरी तरह फिट होने के बाद वह फिर से टीम इंडिया में वापसी करेंगे.
टीम इंडिया के क्यों बाहर हुए रियान पराग
उन्होंने द हिंदू से कहा, “मुझे लगता है कि मैंने भारत के लिए ठीक-ठाक प्रदर्शन किया. यह मेरा विश्वास है, या आप इसे ओवरकॉन्फिडेंस भी कह सकते हैं. लेकिन मुझे पता है कि मेरी कंधे की चोट की वजह से मैं फिलहाल भारत के लिए नहीं खेल रहा हूं. वरना मुझे लगता है कि मैं दोनों व्हाइट-बॉल फॉर्मेट्स खेल सकता हूं. जब भी मैं पूरी तरह फिट हो जाऊंगा, आप मुझे फिर से भारत की जर्सी में देखेंगे.”
बाथरूम में जाकर क्यों रोए थे रियान पराग
उन्होंने कहा, “मैं इन फेज से कई बार गुजर चुका हूं. घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में तीन-चार साल ऐसे रहे हैं जब मुझे काफी संघर्ष करना पड़ा. मैं अभी भी चोट से वापसी कर रहा हूं, तो मुझे इसका भी ध्यान रखना है. मेरे दो सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी सीजन ऐसे रहे, जहां मैंने सात मैचों में 45-50 की औसत से रन बनाए, और फिर आईपीएल में 14 मैचों में 70 रन भी नहीं बना पाया. मैं बाथरूम में रो चुका हूं क्योंकि मैं रन नहीं बना रहा था. मैंने सोचा कि मुझे प्रैक्टिस करनी चाहिए या बिल्कुल नहीं करनी चाहिए, या फिर कहीं छुट्टी पर चला जाऊं.”
