JEE Advanced 2025: टॉपर्स का दिल नहीं जीत पाया IIT कानपुर, टॉप-100 ने चुना बॉम्बे और दिल्ली
IIT Kanpur: रिपोर्ट का सबसे बड़ा खुलासा यह है कि टॉप-100 में शामिल किसी भी छात्र ने आईआईटी कानपुर को नहीं चुना. इनमें से 73 छात्रों ने बॉम्बे, 19 ने दिल्ली और 6 ने मद्रास को चुना. इसका मतलब है कि आईआईटी कानपुर टॉपर स्टूडेंट्स के बीच अपनी पकड़ नहीं बना पा रहा है.
जेईई एडवांस्ड 2025 के टॉप 100 टॉपर्स में इस बार भी आईआईटी कानपुर (IIT Kanpur) का रुख किसी ने नहीं किया है, जबकि आईआईटी कानपुर ने टॉपर्स को आकर्षित करने के लिए विशेष स्कॉलरशिप की पेशकश की थी. टॉप 100 में किसी ने भी कानपुर में दाखिला नहीं लिया है, सबसे अधिक दाखिले आईआईटी बॉम्बे में हुए है. जेईई एडवांस-2025 की रिपोर्ट में आईआईटी कानपुर की ओर से सामने आया है कि टॉप-200 रैंकर्स में सबसे ज्यादा छात्रों ने आईआईटी बॉम्बे को चुना. इनमें 105 छात्रों ने बॉम्बे में एडमिशन लिया. दिल्ली में 44, मद्रास में 35 और कानपुर में सिर्फ 12 छात्रों ने प्रवेश लिया. यानी आईआईटी बॉम्बे लगातार टॉपर स्टूडेंट्स की पहली पसंद बना हुआ है.
रिपोर्ट का सबसे बड़ा खुलासा यह है कि टॉप-100 में शामिल किसी भी छात्र ने आईआईटी कानपुर को नहीं चुना. इनमें से 73 छात्रों ने बॉम्बे, 19 ने दिल्ली और 6 ने मद्रास को चुना. इसका मतलब है कि आईआईटी कानपुर टॉपर स्टूडेंट्स के बीच अपनी पकड़ नहीं बना पा रहा है.
टॉप-1000 रैंकर्स में आईआईटी बॉम्बे, दिल्ली, मद्रास और कानपुर सबसे मजबूत संस्थान रहे. इनके अलावा खड़गपुर, हैदराबाद, रुड़की, भुवनेश्वर, मंडी, जोधपुर, गुवाहाटी और तिरुपति में भी छात्रों ने दाखिला लिया. लेकिन छात्रों की सबसे ज्यादा पसंद बॉम्बे और दिल्ली ही बने रहे.
आईआईटी कानपुर देश का एक प्रतिष्ठित संस्थान है, जो रिसर्च और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में बड़ी पहचान रखता है. यहां से पासआउट हुए छात्रों ने देश और विदेश में नाम रोशन किया है. फिर भी टॉप-100 रैंकर्स की नजर में इसका आकर्षण कम होना संस्था के लिए एक बड़ी चुनौती है. विशेषज्ञों का मानना है कि बॉम्बे और दिल्ली जैसे शहरों में इंडस्ट्री और अवसर ज्यादा हैं, इसलिए छात्र वहां खिंच जाते हैं. अब कानपुर को अपनी रणनीति बदलनी होगी और यह सोचना होगा कि कैसे टॉपर स्टूडेंट्स को आकर्षित किया जाए.
